ओलिगोसैकेराइड :-
- 2 से 9 मोनोसैकेराइड आपस में ग्लाइकोसाइडिक बंध के द्वारा जुड़कर निर्जलीकरण संश्लेषण के द्वारा ओलिगोसैकेराइड का निर्माण करते हैं।
- सभी डाईसैकेराइड क्रिस्टलीय ठोस, मीठे तथा जल में विलय होते हैं।
- सुक्रोस, माल्टोज, लैक्टोज, डाईहाइड्रॉक्सी एसीटोन, ग्लिसरेल्डिहाइड आदि डाईसैकेराइड है।
ट्राईसैकेराइड –
- रेफिनोज एक ट्राईसैकेराइड है।
- ग्लूकोज + फ्रक्टोज + गैलेक्टोज = रेफिनोज
Note –
- स्टेकियोज एक ट्रेटासैकेराइड है।
- कुछ कवकों की कोशिका भित्ति में तथा कीटों के हीमोलिम्फ में ट्रीहैलोज शर्करा पायी जाती है।
सुक्रोस :-
- सुक्रोस एक महत्वपूर्ण डाईसैकेराइड है।
- सुक्रोस को इक्षु शर्करा (Cane Sugar) तथा सामान्य टेबल शर्करा भी कहा जाता है।
- सुक्रोस का मुख्य स्त्रोत गन्ने का रस तथा चुकन्दर है।
- गन्ने के रस में 15-20% तथा चुकन्दर में 10-17% सुक्रोस होता है।
- सुक्रोस का अणुसूत्र C6H22O11 है।
- यह सफेद, क्रिस्टलीय, स्वाद में मीठा तथा जल में घुलनशील डाईसैकेराइड है।
- सुक्रोस का जल अपघटन करवाने पर यह ग्लूकोज (एल्डोज शर्करा) तथा फ्रक्टोज (कीटोज शर्करा) में टूटता है।
- यह एक अनअपचायी शर्करा है।
माल्टोज :-
- यह एक डाईसैकेराइड है, जो स्टार्च पर माल्ट की क्रिया से प्राप्त होता है, इसलिए इसे माल्ट शर्करा (Malt Sugar) भी कहते हैं।
- यह अंकुरित बीजों में विशेषकर अनाजों में स्टार्च के रूप में उपस्थित होता है।
- माल्टोज का अणुसूत्र C12H22O11 है।
- माल्टोज एक सफेद क्रिस्टलीय, जल में विलेय तथा एल्कोहॉल व ईथर में अविलेय डाईसैकेराइड है।
- माल्टोज का जल अपघटन करने पर ग्लूकोज के दो अणु प्राप्त होते हैं।
- माल्टोज अपचायी शर्करा है।
लेक्टोज शर्करा :-
- इसे दुग्ध शर्करा (Milk Sugar) भी कहते हैं।
- यह सभी स्तनधारियों के दूध में उपस्थित होती है।
- लेक्टोज औद्योगिक रूप से दूध से पनीर बनाने की क्रिया में सहउत्पाद के रूप में प्राप्त होता है।
- लेक्टोज एक श्वेत क्रिस्टलीय पदार्थ है, जो जल में विलेय तथा एल्कोहॉल व ईथर में अविलेय होता है।
- लेक्टोज का अणुसूत्र C12H22O11 है।
- लेक्टोज का जल अपघटन करवाने पर ग्लूकोज तथा गैलेक्टोज का समअणुक मिश्रण प्राप्त होता है।
- लेक्टोज एक अपचायी शर्करा है।
Note –
- कुछ शर्कराएँ मुक्त ऐल्डिहाइड तथ कीटोन समूह के कारण अन्य पदार्थों का अपचयन कर सकती हैं, इन्हें अपचायक शर्करा कहा जाता है।
- अपचायक शर्कराएँ फेहलिंग या बेनेडिक्ट विलयन में उपस्थित Cu+2 (क्युप्रिक आयन) का अपचयन कर इन्हें Cu+2 (क्यूप्रस आयन) में बदल देती है, जिससे विलयन का नीला रंग गहरे भूरे, लाल रंग में परिवर्तित हो जाता है।
- वे शर्कराएँ जो फेहलिंग विलयन तथा टॉलेन अभिकारक द्वारा अपचयित नहीं होती है, उसे अनअपचायी शर्कराएँ कहते हैं।
अपचायी व अनअपचायी शर्करा को तालिका में व्यवस्थित किया गया है, जो इस प्रकार है-
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अपचायी शर्करा
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अनअपचायी शर्करा
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ग्लूकोज
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सुक्रोस
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लेक्टोज
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गैलेक्टोज
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माल्टोज
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सेल्युलोज
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फ्रक्टोज
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जटिल कार्बोहाइड्रेटस :-
पॉलीसैकेराइड्स –
- जब मोनोसैकेराइड इकाइयाँ 10 से हजारों की संख्या में आपस में ग्लाइकोसाइडिक बंध के द्वारा निर्जलीकरण संश्लेषण की क्रिया कर जुड़ जाते हैं, तो पॉलीसैकेराइड का निर्माण होता है।
- पॉलीसैकेराइड स्वादहीन, जटिल, जल में घुलनशील यौगिक है।
- पॉलीसैकेराइड प्राकृतिक बहुलक है।
- इनका सामान्य सूत्र (C6H10O5)n होता है।
- यह दो प्रकार के कार्य करते हैं-
- भोजन संग्रहण
- संरचनात्मक
- भोजन संग्राहक पॉलीसैकेराइड :-
- स्टार्च (Starch) :-
- स्टार्च कार्बोहाइड्रेट का मुख्य स्त्रोत है।
- ये पौधों में भोजन संग्रहण का कार्य करते हैं।
- स्टार्च का अणुसूत्र (C6H10O5)n है।
- स्टार्च दो यौगिकों एमिलोस तथा ऐमिलीपेक्टिन से मिलकर बना होता है।
- स्टार्च के मुख्य स्त्रोत –
- गेहूँ
- मक्का
- चावल
- जौ
- आलू
- कंद
- कुछ सब्जियाँ
- ग्लाइकोजन :-
- जन्तुओं में संचित भोजन ग्लाइकोजन के रूप में होता है।
- यह पॉलीसैकेराइड है।
- इनुलिन :-
- यह भी भोजन संग्राहक पॉलीसैकेराइड है।
- यह डहेलिया पौधे की जड़ों में उपस्थित होता है।
- इनुलिन किडनी (Kidney) में संक्रमण का पता लगाने में सहायक है।
- संरचनात्मक पॉलीसैकेराइड :-
- सेल्युलोज –
- यह पॉलीसैकेराइड है।
- इसका अणुसूत्र (C6H10O5)n होता है।
- यह केवल पौधों में पाया जाता है, जो पौधों में कोशिका भित्ति का प्रमुख अवयव है।
- यह वस्त्र आदि के स्त्रोत की तरह मानव के लिए उपयोगी है।
- रुई में सेल्युलोज की मात्रा 90-95% तथा सूती कपड़े में 90% होती है।
- सेल्युलोज अनअपचायी शर्करा है।
- सेल्युलोज का जल अपघटन करवाने पर यह केवल D-ग्लूकोज देता है यानि यह D-ग्लूकोज का रेखीय बहुलक है।
- हेमीसेल्युलोज
- पेक्टिन
- काइटिन – कवकों की कोशिका भित्ति काइटिन से बनी होती है।
महत्वपूर्ण तथ्य :-
ग्लाइकोजेनेसिस :-
कार्बोहाइड्रेट \(\xrightarrow[]{Liver}\) ग्लाइकोजन
ग्लोइकोजेनोलाइसिस :-
ग्लाइकोजन \(\xrightarrow[]{Liver}\) सरल कार्बोहाइड्रेट