विश्व के प्रमुख महाद्वीप
1. एशिया
· एशिया विश्व का सबसे बड़ा महाद्वीप है जो पृथ्वी के स्थलीय क्षेत्रफल के लगभग 30.6 प्रतिशत (3,16,99,257 वर्ग किमी.) भाग पर विस्तृत है।
· विश्व में समुद्र तल से सबसे ऊँचा स्थान (माउण्ट एवरेस्ट-8,848 मीटर) तथा सबसे गहरा गर्त (मेरियाना-11,034 मीटर, मिण्डानाओ द्वीप के पास) इसी महाद्वीप में विद्यमान है।
· पृथ्वी सतह पर सबसे नीचा स्थान मृत सागर (औसत समुद्र तल से 397 मीटर नीचा) तथा सबसे गहरी महाद्वीपीय द्रोणी बेकाल झील (1,620 मीटर गहरी) द्वारा आवृत है।
· सर्वाधिक लम्बी तटीय सीमा (62,800 किमी) इसी महाद्वीप की है।
· एशिया में सबसे शुष्कतम स्थान अदन (यमन) हैं जहाँ वर्षा का वार्षिक औसत मात्र 5.6 सेंटीमीटर है।
· सबसे अधिक वर्षा वाला स्थान मासिनराम (भारत) में है (वर्षा का वार्षिक औसत 1,140 सेंटीमीटर) विश्व के सभी जलवायु के प्रकार इस महाद्वीप में पाए जाते हैं।
· पृथ्वी पर प्राणी जात एवं वनस्पति जात की सर्वाधिक विविधता इस महाद्वीप में पाई जाती है।
· पामीर का पठार - ऊँचाई 7,495 मीटर यह विश्व का सर्वोच्च पठार क्षेत्र है। यह पठार तुर्कमेनिस्तान, किर्गिजस्तान, उज़्बेकिस्तान में स्थित है। पामीर के पठार से वृहद पर्वत शृंखलाओं का विस्तार है।
· टिनशान पर्वत -(चीन)
· कुनलून श्रेणी (चीन) ये दोनों पर्वत उत्तर पूर्व (पामीर से)
· काराकोरम, हिमालय, अराकानयोमो - यह तीनों पर्वत दक्षिण पूर्व में स्थित हैं।
· आराकन योमो म्यांमार में स्थित, यहाँ दक्षिण पूर्वी भाग पर चाय उत्पादन होता है। यह हिमालय का दक्षिण भाग है।
· सुलेमान व किरधर श्रेणियाँ (पाकिस्तान) में पामीर के पठार से दक्षिण में स्थित है।
· सॉल्ट रेंच सुलेमान के पूर्व में स्थित अवशिष्ट पर्वत है। यह चट्टान नमक उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है।
· किरधर श्रेणी में खेबर दर्रा स्थित है। (पाकिस्तान)
· हिन्दुकुश व जाग्रोस पर्वत यह दक्षिण पश्चिम में स्थित है। हिंदुकुश पर्वत अफगानिस्तान में स्थित है। खेबर दर्रा व गोमल दर्रा पाकिस्तान में स्थित है।
· एशिया महाद्वीप के प्रमुख देश
· पश्चिमी एशिया - ईरान, ईराक, सऊदी अरब, यमन, ओमान, UAE, कतर, बहरीन, इजरायल, लेबनान, जॉर्डन, सीरिया, जॉर्जिया, अमेनिया, अजरबेजान
· मध्य एशिया - कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, तजाकिस्तान, उज्बेकिस्तान, तुर्कमेकिस्तान
· दक्षिणी एशिया - भारत, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, नेपाल, भूटान, श्रीलंका, बांग्लादेश, मालदीव
· उत्तरी एशिया - रूस
· पूर्वी एशिया - चीन, उत्तरी कोरिया, दक्षिणी कोरिया, जापान, ताईवान, मंगोलिया
· दक्षिणी पूर्वी एशिया - म्यांमार, लाओस, थाईलैण्ड, कम्बोडिया, वियतनाम, इंडोनेशिया, मलेशिया, सिंगापुर, फिलीपीन्स
· जल संधियाँ
· मलक्का जलसंधि - यह मलेशिया तथा सुमात्रा के मध्य में है।
· मक्कासर जलसंधि - यह बोर्निया तथा सेलेबीज द्वीप समूह के मध्य है।
· लुजोन जलसंधि - यह ताइवान तथा लुजोन द्वीप फिलीपींस के मध्य है।
· ताईवान फॉरमोसा जलसंधि - यह ताईवान तथा चीन के मध्य है।
· बास्फोरस जलसंधि - कालासागर तथा मरमरा सागर को जोड़ती है तथा उत्तरी तुर्की तथा दक्षिण तुर्की को अलग करती है।
· बाब एल मडेब जलसंधि - लालसागर को अदन की खाड़ी से जोड़ती है तथा यमन (एशिया) और जिबूती (अफ्रीका) को अलग करती है। इसे आँसुओं का द्वार भी कहते हैं।
· हारमुज जलसंधि - फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी से जोड़ती है तथा ईरान को ओमान से अलग करती है।
· पाक जलसंधि - भारत तथा श्रीलंका के मध्य स्थित है।
· कैस्पियन सागर - रूस, तुर्कमेनिस्तान अजर बेजान, कजाकिस्तान सीमा बनाते हैं। उज्बेकिस्तान सीमा नहीं बनाता।
· विश्व की सबसे बड़ी खारे पानी की झील है।
· मृतसागर - इजरायल तथा जॉर्डन में स्थित है। मृतसागर समुद्र तल के नीचे स्थित है। मृतसागर लवणता के आधार पर दूसरी सबसे अधिक लवणीय (238%0) झील है।
· वॉन झील - तुर्की में स्थित विश्व की सबसे अधिक लवणीय (330%0) झील है।
· बैकाल झील - यह रूस में स्थित है। विश्व की सबसे गहरी झील है।
· अरब प्रायद्वीप - यह विश्व का सबसे बड़ा प्रायद्वीपीय क्षेत्र है।
· एशिया के प्रमुख द्वीप
· बोर्नियो - यह प्रशांत महासागर में स्थित एशिया का सबसे बड़ा द्वीप प्रशासनिक दृष्टि से तीन देशों के अधीन-इण्डोनेशिया, मलेशिया, ब्रुनेई देश।
· फिलीपीन्स - यह विच्छिन्न लम्बाकार देश है। राजधानी मनीला, यहाँ एशियन विकास बैंक का मुख्यालय स्थित है। अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान केन्द्र स्थित है। Miracle Rice के लिए प्रसिद्ध है।
· मलेशिया - कालीमतन - टिन उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है।
· जावा द्वीप - इण्डोनेशिया
· इण्डोनेशिया की राजधानी जकार्ता इस द्वीप पर स्थित है।
· प्रमुख पठार
· अनातोलिया - तुर्की के मध्य पठारी भाग को अनातोलिया कहा जाता है।
· उस्तउर्त पठार - कजाकिस्तान में कैस्पियन सागर तथाअरल सागर के मध्य स्थित एक शुष्क पठार है।
· कोरात पठार - इसे नेखेन रटचा सीमा भी कहा जाता है। यह उत्तर-पूर्वी थाईलैण्ड का पठार है।
· ईरान का पठार - एलबुर्ज व जाग्रोस पर्वत श्रेणियों के मध्य स्थत ईरान का अंतपर्वतीय पठार है।
· पामीर का पठार - विश्व की छत उपनाम से प्रसिद्ध यह विश्व का सबसे ऊँचा पठार है। इसी पठार में पामीर की गांठ से कुनलून, काराकोरम, हिंदुकुश, सुलेमान किरघर आदि श्रेणियों का होता है।
· तकलामाकन का पठार - चीन के तारिम बेसिन क्षेत्र में स्थित उच्च भूमि, जुंगेरियन बेसिन, तारिम बेसिन व तियनशान पर्वत के उत्तरी क्षेत्र में स्थित है।
· दक्कन का पठार - ढ़क्कन का पठार प्राचीन गौंडवाना लैंड का भाग है। यह दक्षिणी भारत में स्थित है।
· छोटा नागपुर पठार - भारत में स्थित दक्कन का पठार का उत्तर पूर्वी भाग है। इसे भारत का रूर भी कहा जाता है।
· मंगोलिया का पठार - चीन व मंगोलिया के क्षेत्र में स्थित है। गोबी मरुस्थल इसके दक्षिण में विस्तृत है।
· शान का पठार - अराकानयोमा के पूर्वी भाग में स्थित म्यांमार स्थित पठार है। यह टिन उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है।
· पोतवार का पठार - पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में विस्तृत इस पठार पर सॉल्टरेंज पहाड़ी अवस्थित है।
· तिब्बत का पठार - यह उत्तर में कुनलून पर्वत तथा दक्षिण में हिमालय पर्वत श्रेणियों से घिरा विश्व का सबसे बड़ा अंत: पर्वतीय पठार है।
· यूनान का पठार - चीन के दक्षिण पूर्वी में विस्तृत यूनान का पठार टिन, लोहा, कोयला व अन्य खनिज संसाधनों से सम्पन्न है।
· एशिया की प्रमुख नदियाँ
· यांग्त्सी - क्यांग नदी - उद्गम - तिब्बत के पठार से होता है। इस नदी पर थ्री गार्जेज डेम बना हुआ है। यह 3600 किमी. लम्बी नदी एशिया महाद्वीप की सबसे लम्बी नदी है।
· ह्वांग हो नदी - उद्गम बयानहर पर्वत चीन से, यह चीन के लाओस मैदान में प्रवाहित होती है। पीली मिट्टी के कारण इस नदी का जल पीला हो जाता है इसलिए इसे पीली नदी भी कहते हैं। इसे चीन का शोक भी कहते हैं।
· मेकांग नदी - तांगकूला श्रेणी - तिब्बत से उद्गम होता है। यह नदी चीन-लाओस की सीमा, लाओस-थाइलैण्ड की सीमा बनाती है। चीन, लाओस, दक्षिण चीन सागर में गिरती है।
· इस नदी तट पर कम्बोडिया की राजधानी नोमपेन्ह स्थित है।
· इरावदी नदी - दक्षिण पूर्वी एशिया की सबसे लम्बी नदी है। इसे म्यांमार की जीवन रेखा भी कहा जाता है।
· आमु-दरिया नदी - पामीर पठार से उद्गम होकर यह नदी अफगानिस्तान तजाकिस्तान की सीमा बनाती है।
· दजला टिगरिस - टारस पर्वत से उद्गम होता है और फरात इसकी सहायक नदी है।
· सिंधु नदी - भारत के उत्तर-पश्चिमी भाग में सिंधु तथा उसकी सहायक नदियाँ विस्तृत क्षेत्र को अपवाहित करती हैं। अकेले सिंधु नदी की सहायक नदियाँ ही हिमालयी प्रदेश के 2,50,000 वर्ग किमी. क्षेत्र को अपवाहित करती हैं।
· ब्रह्मपुत्र नदी - विश्व की सबसे लम्बी नदियों में से एक ब्रह्मपुत्र 3,848 किमी. नदी कैलाश पर्वत के चेमायुडुंग हिमानी से 5,150 मीटर की ऊँचाई से निकलती है।
एशिया की प्रमुख ऊँची चोटियाँ
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चोटी का नाम |
ऊँचाई (m) |
|
माउण्ट एवरेस्ट |
8,848 |
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K2 (गॉडविन ऑस्टिन) |
8,611 |
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कंचनजंघा |
8,598 |
|
ल्होटसे |
8,501 |
|
मकालू |
8,481 |
|
माउंट मुजटॉग |
7,723 |
|
एडम्स पीक |
2,243 |
|
माउंट फ्यूजीयामा |
3,776 |
|
माउंट किनाबालु |
4,101 |
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पोवेडा पीक |
7,439 |
एशिया की 5 सबसे लम्बी नदियाँ
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नदी का नाम |
देश |
लम्बाई (km) |
|
यांगटीजीक्यांग |
चीन |
6,300 |
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येनिसी-अंगारा-बेकाल |
रूस |
5,500 |
|
ह्वांगहो |
चीन |
5,464 |
|
ओब-इर्टिश |
रूस |
5,410 |
|
आमूर-अर्गून |
चीन-रूस |
4,416 |
एशिया की 5 सबसे बड़ी झीलें
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झील का नाम |
देश |
|
कैस्पियन झील |
अजरबेजान, कजाकिस्तान ,तुर्कमेनिस्तान, रूस, ईरान |
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अरल सागर |
रूस |
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बाल्खश झील |
कजाखस्तान |
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टानले सेप |
कम्बोडिया |
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इसुक कुल |
किर्गिस्तान |
एशिया के प्रमुख देश और उनकी राजधानी
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देश |
राजधानी |
|
बेलारूस |
मिंस्क |
|
यूक्रेन |
कीव |
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मोलडोवा |
किशीनेव |
|
आर्मेनिया |
येरेवान |
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जॉर्जिया |
टिबलीसी / तीब्लिस |
|
अजरबैजान |
बाकू |
|
तुर्कमेनिस्तान |
अश्गाबाद |
|
उज्बेकिस्तान |
ताशकन्द |
|
किर्गिस्तान |
बिशकेक |
|
कजाकिस्तान |
अल्माआता |
|
रूस |
मॉस्को |
देश और उनकी संसद
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देश |
संसद |
|
अफगानिस्तान |
शोरा |
|
बांग्लादेश |
जातीय संसद |
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भूटान |
त्सोंगदू |
|
म्यांमार |
पिथु लूताव |
|
चीन |
नेशनल पीपुल्स कांग्रेस |
|
इण्डोनेशिया |
पिपुल्स कंसल्टेटिव एसेंबली |
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ईरान |
मजलिस |
|
इजरायल |
नेसेट (Knesset) |
|
जापान |
डायट |
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मलेशिया |
दीवान रक्यात और दीवान नेगारा |
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मालदीव |
मजलिस |
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मंगोलिया |
ग्रेट पीपुल्स खुराल |
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नेपाल |
राष्ट्रीय पंचायत |
एशिया के प्रमुख बड़े रेगिस्तान
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नाम |
संबधित देश |
क्षेत्रफल (km2) |
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अरब |
दक्षिणी-पश्चिमी एशिया |
23,23000 |
|
गोबी |
मंगोलिया-उत्तरी-पूर्वी चीन |
13,00,000 |
|
रब-अल-खाली |
दक्षिणी पूर्वी अरब प्रायद्वीप |
6,50,000 |
|
काराकुम |
तुर्कमेनिस्तान |
3,50,000 |
|
कविर |
मध्य ईरान |
3,50,000 |
|
किजिलकुम |
कजाखस्तान-उज्बेकिस्तान |
3,00,000 |
|
तकलामकान |
उत्तरी-पूर्वी चीन |
2,70,000 |
|
सीरिया |
सऊदी अरब-जोर्डन-सीरिया-इराक |
2,60,000 |
|
थार |
भारत-पाकिस्तान |
2,00,000 |
|
लुत |
पूर्वी ईरान |
52,000 |
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नागेव |
इजरायल |
12,300 |
नदियाँ - विशिष्ट जानकारियाँ
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नदी |
देश जिससे गुजरती है |
समापन |
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ह्वांग हो |
चीन |
बोहाई की खाड़ी (पहले यह पीला सागर में गिरती थी लेकिन नदी का पथ परिवर्तित हो गया) |
|
चांग जियांग |
चीन |
पूर्वी चीन सागर |
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जी जांग |
चीन |
दक्षिण चीन सागर |
|
आमूर |
चीन, रूस की सीमा |
ओखोटस्क सागर |
|
मेकांक |
चीन, थाईलैंड, लाओस |
दक्षिण चीन सागर, कम्बोडिया, वियतनाम |
|
चाओफ्रिया |
थाईलैंड |
थाईलैंड की खाड़ी |
|
सालवीन |
चीन, म्यांमार |
मर्तबान की खाड़ी |
|
इरावदी |
म्यांमार |
बंगाल की खाड़ी |
|
गंगा |
भारत |
बंगाल की खाड़ी |
|
ब्रह्मपुत्र |
भारत, तिब्बत |
बंगाल की खाड़ी |
|
सिंधु |
भारत, पाकिस्तान |
अरब सागर |
|
दजला |
तुर्की, इराक |
फारस की खाड़ी |
|
फरात |
तुर्की, सीरिया, इराक |
फारस की खाड़ी |
|
ओब |
रूस |
ओब की खाड़ी |
|
येनेसी |
रूस |
आर्कटिक महासागर |
|
लीना |
रूस |
आर्कटिक महासागर |
|
यूराल |
रूस |
कैस्पियन सागर |
2. अफ्रीका
· स्थिति एवं विस्तार - अफ्रीका क्षेत्रफल की दृष्टि से विश्व का दूसरा बड़ा महाद्वीप है।
· इसका क्षेत्रफल 3,02,46,121 वर्ग किमी. है।
· यह पृथ्वी के कुल स्थलीय क्षेत्र के (20.4%) प्रतिशत भाग पर फैला हुआ है।
· यहाँ विश्व की 16 प्रतिशत जनसंख्या (2013) निवास करती है।
· विषुवत रेखा इस महाद्वीप को दो बराबर भागों में विभाजित करती हैं।
· विश्व का सबसे बड़ा मरुस्थल सहारा और सबसे लम्बी नदी नील इसी महाद्वीप में है।
· इस महाद्वीप में 54 देश सम्मिलित हैं। दक्षिण सूडान नया देश (2011) में बना।
· इस महाद्वीप की तट रेखा की लम्बाई 30,500 किमी. है।
· अन्य महाद्वीपों की तुलना में अफ्रीका महाद्वीप के क्षेत्रफल की तुलना में इसकी तटरेखा की लम्बाई आनुपातिक रूप से कम है।
· एकमात्र महाद्वीप जिसमें से कर्क रेखा, भूमध्य रेखा और मकर रेखा गुजरती हैं।
· भौगोलिक स्थिति
· पश्चिम में - अटलांटिक महासागर
· पूर्व में - हिन्द महासागर
· दक्षिण में - अंटार्कटिक महासागर
· उत्तर में - भूमध्य सागर (स्वेज नहर)
· उत्तर पूर्व में - लाल सागर
· अफ्रीका महाद्वीप में 54 देश हैं जिसमें से मुख्य 48 देश हैं।
· जनसंख्या में सबसे बड़ा देश नाइजीरिया है।
· क्षेत्रफल में सबसे बड़ा देश अल्जीरिया है।
· अफ्रीका महाद्वीप के छह द्वीपीय देश निम्नलिखित है।
1. मेडागास्कर (हिन्द महासागर का सबसे बड़ा द्वीप है।)
2. मॉरीशस (हिन्द महासागर)
3. कोमेरोन (हिन्द महासागर)
4. शेसेल्स (हिन्द महासागर)
5. केपवर्दे (अटलांटिक महासागर)
6. साओटोमे (अटलांटिक महासागर)
· भूमध्य रेखा - साओ टोमे, गैबन, कांगो गणराज्य, जायरे, युगांण्डा, केन्या, सोमालिया देशों से गुजरती हैं।
· कर्क रेखा - पश्चिमी सहारा, मोरीटानिया, माली, अल्जीरिया, लीबिया, मिश्र देशों से गुजरती हैं।
· मकर रेखा - नामीबिया, बोत्सवाना, दक्षिण अफ्रीका, मोजांबिक, मेडागास्कर देशों से गुजरती हैं।
o जल संधियाँ:-
· जिब्राल्टर जल संधि - यह जल संधि अलांटिक महासागर को भूमध्य सागर से जोड़ती है।
· मोजाम्बिक जल संधि - मेडागास्कर तथा मोजाम्बिक के मध्य स्थित है।
· बाब अल मेंण्डाव जल संधि - जिबूती अफ्रीका को यमन एशिया से जोड़ती है। बाब उल मेंण्डाव जल संधि को आँसुओं का द्वार कहा जाता है।
o जल प्रपात:-
1. स्टेनली जल प्रपात - मध्य अफ्रीका देश कांगो नदी पर स्थित एक प्राकृतिक जल प्रपात है जो भूमध्य रेखीय वनों में स्थित है।
2. लिविंग स्टोन जलप्रपात - यह जल प्रपात अफ्रीका महाद्वीप के कांगो में कांगो नदी पर अवस्थित है।
o मरुस्थल :-
1. कारु मरुस्थल (Karoo Desert) :- दक्षिण अफ्रीका का कारु मरुस्थल केप प्रांत में अवस्थित है।
2. साहेल (Sahel) :- सहारा मरुस्थल के दक्षिण में पश्चिम से पूर्व की ओर एक अर्द्ध मरुस्थल पेटी। साहेल मरुस्थल में माली, नाइजर, चाड, दक्षिणी सूडान, केन्या सम्मिलित हैं।
3. वेस्टर्न मरुस्थल :- लीबिया में फैला हुआ सहारा मरुस्थल का भाग इस शुष्क मरुस्थल में औसत वर्षा 15 सेमी. से कम है।
4. कालाहारी मरुस्थल :- अफ्रीका के बोत्सवाना देश में स्थित एक मरुस्थल जिसके पूर्व ड्रेकेन्स बर्ग पर्वत्, दक्षिण कारु पर्वत तथा पश्चिम चेला पर्वत स्थित है।
5. नूबियन मरुस्थल :- मिस्त्र तथा सूडान की पूर्वी सीमा पर लाल सागर के पश्चिम तट पर स्थित एक मरुस्थल।
6. नामिब मरुस्थल :- दक्षिण-पश्चिम अफ्रीका में नामीबिया देश का एक शीत जल मरुस्थल है। इसके पश्चिम बेंगुला शीतल जल धारा दक्षिण से उत्तर की ओर बहती है।
7. सहारा मरुस्थल :- यह विश्व का सबसे बड़ा व गर्म मरुस्थल अफ्रीका के उत्तरी-पश्चिमी भाग में विस्तृत है।
o पठार :-
1. अबीसीनिया :- पूर्वी अफ्रीका के इथोपिया में से स्थित आग्नेय चट्टानों से निर्मित एक पठार, जिसकी सर्वोच्च चोटी रासदशान है।
2. कैफ पठार :- दक्षिण अफ्रीका में ऑरेंज नदी के उत्तर में स्थित एक अन्त: स्थलीय शुष्क पठार
3. टेड माल्ट पठार :- अल्जीरिया के मध्यवर्ती भाग में स्थित एक पठार जहाँ से वापीम्या तथा वादी जाउरो नदियाँ उत्तर की तरफ प्रवाहित होती है।
4. टांगा नीका पठार:- अफ्रीका महाद्वीप के तंजानिया में टांगा नीका झील के पूर्व स्थित बेसाल्ट पठार।
5. बाई का पठार:- अंगोला स्थित उच्चभूमि तथा अनेक नदियों का उद्गम व प्रवाह क्षेत्र हैं। जाम्बेजी नदी का उद्गम इसी पठार से होता है।
6. अदामावा का पठार:- नाइजीरिया व कैमरून की सीमा पर अवस्थित इस पठारी भाग से अनेक नदियों का उद्गम होता है।
7. कटंगा का पठार :- जायरे स्थित ताँबा व हीरा उत्पादक क्षेत्र है। कांगो या जायरे नदी का उद्गम इसी पठार से होता है।
8. तासिली का पठार :- अल्जीरिया के पूर्वी भाग में अवस्थित तासिली का पठार पर्वतपादीय पठार है।
9. उबांगी पठार:- अदामावा पठार के पूर्वी भागों में सेंट्रल अफ्रीकन रिपब्लिक क्षेत्र में उच्च पठारी भाग है।
10. अहाग्गार का पठार :- अल्जीरिया, लीबिया व नाइजर के मध्यवर्ती क्षेत्रों में स्थित यह पठार एक पर्वतीय पठार है।
11. जोस का पठार :- नाइजीरिया स्थित यह पठार टिन के निक्षेपों से सम्बद्ध है। नाइजीरिया का प्रमुख शहर कानों इसी पठार पर अवस्थित है।
o नदियाँ :-
1. ऑरेंज नदी :- यह नदी दक्षिणी अफ्रीका के ड्रेंकेसबर्ग पर्वत से निकलकर लेसोथो, दक्षिण अफ्रीका तथा नामीबिया की सीमा के सहारे प्रवाहित होती हुई दक्षिणी अटलांटिक महासागर के अलेक्जेंडर की खाड़ी में गिरती है।
2. ओकावांगो नदी :- इसे कुबांगो नदी भी कहा जाता है। यह अंगोला से निकलकर कालाहारी मरुस्थल के उत्तर बोत्सवाना में स्थित एक शुष्क बेसिन में गिरकर सूख जाती है।
3. ओमी नदी :- यह नदी इथियोपियाई उच्च भूमि के दक्षिण-पश्चिमी भाग से निकलकर रूडोल्फ झील के उत्तरी भाग में गिरती है।
4. जाम्बेजी नदी :- यह नदी कटंगा उच्च भूमि से निकलकर जाम्बिया देश में प्रवेश करती है। जाम्बिया तथा जिम्बाब्वे की सीमा बनाती हुई मोजाम्बिक देश से होकर मोजाम्बिक की खाड़ी (हिन्द महासागर) में गिर जाती है। विक्टोरिया प्रपात इसी नदी पर स्थित है।
5. ब्लू नील नदी :- नील नदी की मुख्य सहायक नदी जो इथियोपिया की टाना झील से निकलकर उत्तर की ओर बहती हुई खार्तुम के स्थान पर सफेद नील के साथ संगम बनाती है।
6. नील नदी :- पूर्वी अफ्रीका में बहने वाली यह नदी विश्व की सबसे लम्बी नदी है। विक्टोरिया झील से सफेद नील नाम से निकलकर, युगांडा तथा मिस्र से बहती हुई नील नदी भूमध्य सागर में अपना जल गिराती है।
7. नाइजर नदी :- नाइजर पश्चिम अफ्रीका की मुख्य नदी है। लोमा पर्वत से निकलकर यह नदी माली, नाइजर तथा नाइजीरिया से होती हुई गिनी की खाड़ी में अपना जल गिराती है।
8. कांगो नदी :- मध्य अफ्रीका की तेज बहने वाली कांगो नदी विषुवत रेखा को 2 बार काटती है। विश्व में सबसे अधिक पनबिजली उत्पादन करने की शक्ति इसी नदी में है।
9. लिम्पोपो नदी :- दक्षिण अफ्रीका के ट्रांसवाल क्षेत्र से निकलकर हिंद महासागर में गिरने वाली यह नदी मकर रेखा को 2 बार काटती है। यह नदी दक्षिण अफ्रीका को बोत्सवाना तथा जिम्बाब्वे से अलग करती है।
10. सेनेगल नदी :- पश्चिमी अफ्रीका के फुटा जलोन क्षेत्र से निकलकर अटलांटिक महासागर में गिरती है। यह नदी सेनेगल तथा मॉरिटानिया की सीमा बनाती है।
11. जूबा नदी :- पूर्वी अफ्रीका की वह नदी जो इथियोपियन उच्च भूमि से निकलकर सोमालिया में बहते हुए हिंद महासागर में गिरती है।
12. वाल नदी :- यह नदी ड्रेकेन्सवर्ग पर्वत से निकलती है। यह ऑरेंज नदी की सबसे बड़ी सहायक नदी है।
o पर्वत :-
1. टॉबकल पर्वत :- यह पर्वत शिखर अफ्रीका के मोरक्को देश में अवस्थित है। यह अफ्रीका के उत्तरी भाग में विस्तृत एटलस पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है।
2. माउंट केन्या :- यह पर्वत शिखर अफ्रीका के केन्या में अवस्थित है। इसकी ऊँचाई 5,199 मीटर है। यह एक मृत ज्वालामुखी पर्वत है।
3. माउंट किलिमंजारो :- यह अफ्रीका में केन्या व तंजानिया की सीमा पर अवस्थित है। यह एक सुसुप्त ज्वालामुखी पर्वत है। इसकी ऊँचाई 5,822 मीटर है। यह अफ्रीका का सर्वोच्च शिखर है।
4. माउंट एल्गन :- अफ्रीका के केन्या व युगांडा की सीमा पर अवस्थित एक ज्वालामुखी पर्वत है। इसकी ऊँचाई 4,321 मीटर है।
5. माउंट रूबेन जोरी :- यह अफ्रीका के कांगो व युगांडा की सीमा पर अवस्थित यह पर्वत शिखर माउंटेस ऑफ द मून के नाम से जाना जाता है।
6. अहमर पर्वत :- इथोपिया में भ्रंश घाटी के दक्षिणी सिरे पर स्थित एक पर्वत श्रेणी है।
7. अंकारात्रा पर्वत :- मेडागास्कर द्वीप के पूर्वी तट पर स्थित एक पर्वत श्रेणी जिसकी सर्वोच्च चोटी 2644 मीटर ऊँची है।
8. कटंगा पर्वत :- इसे साबा पर्वत भी कहा जाता है। यह कांगो जायरे के दक्षिणी भाग में स्थित 576 मीटर ऊँचा एक पर्वत है।
9. ड्रेकेन्स बर्ग पर्वत :- दक्षिणी अफ्रीका के पूर्वी तट पर दक्षिण अफ्रीका तथा लोसोथे में विस्तृत एक पर्वत श्रेणी जिसका सर्वोच्च शिखर थबाना नैट्लेनयाना 3,482 मीटर ऊँचा है।
10. माउंट कैमरून :- नाइजीरिया व कैमरून में विस्तृत यह पर्वत खनिज संसाधन की दृष्टि से काफी समृद्ध है।
11. लोमा पर्वत:- यह पर्वत श्रेणी गिनी व सयेरा लियोन से विस्तृत है।
3. उत्तरी अमेरिका
· स्थिति एवं विस्तार - क्षेत्रफल की दृष्टि से यह विश्व का तीसरा सबसे बड़ा महाद्वीप है जिसका क्षेत्रफल यूरोप महाद्वीप का दोगुना है।
· इसका क्षेत्रफल 2,43,83,585 वर्ग किमी. है।
· यह महाद्वीप उत्तर में आर्कटिक महासागर से दक्षिण में यूकाटन प्रायद्वीप तक फैला हुआ है।
· इस महाद्वीप के आसपास कई द्वीप स्थित हैं।
· इनमें से विश्व का सबसे बड़ा द्वीप ग्रीनलैण्ड भी सम्मिलित है।
· महाद्वीप का पश्चिमी भाग जिसमें मैक्सिको भी सम्मिलित है, पर्वत निर्माण एवं ज्वालामुखी सक्रियता वाला क्षेत्र है।
· महाद्वीप में रॉकी पर्वत के उत्तर में बहने वाली नदियों का जल हडसन की खाड़ी में, पूर्व में बहने वाली नदियों का जल महान झीलों के माध्यम से अटलाण्टिक महासागर में, दक्षिण में प्रवाहित होने वाली नदियों का जल मेक्सिको की खाड़ी में तथा पश्चिम में बहने वाली नदियों का जल प्रशान्त महासागर में प्रवाहित होता है।
· इस महाद्वीप में कनाडा, संयुक्त राज्य अमेरिका और मेक्सिको सम्मिलित हैं।
· विश्व के कुल स्थलीय क्षेत्र का 16.3 प्रतिशत है।
· अत्यधिक औद्योगिक विकास के कारण यह विश्व का सबसे अधिक समृद्धशाली महाद्वीप है।
o उत्तरी अमेरिका को चार भौतिक प्रदेशों में बाँटा गया हैं-
1. पश्चिमी कार्डिलेरा
2. कनैडियन शील्ड
3. अप्लेशियन क्षेत्र
4. मध्य का मैदानी भाग
o कनाड़ा - विश्व का रूस के बाद बड़ा देश है। कनाडा की तटरेखा की लम्बाई 94600 किमी. है। यह विश्व की सबसे लम्बी तटरेखा वाला देश है। कनाडा में विश्व के सर्वाधिक यूरेनियम भण्डार है तथा विश्व के सर्वाधिक लुगदी व कागज का उत्पादन होता है।
· कनाडा की मीठे पानी की झीलें (उत्तर से दक्षिण की ओर)
· ग्रेट बीयर, ग्रेट स्लेव, अथावास्का, रेनडियर, विनिपेग झील,
· संयुक्त राज्य अमेरिका -
· अलास्का - यह USA का बड़ा राज्य है। यहाँ पर कटमई प्रमुख ज्वालामुखी क्षेत्र है। यहाँ 10,000 धुँआरों की घाटी स्थित है।
· रोडे द्वीप - यह USA का सबसे छोटा राज्य है।
· हवाई द्वीप - यह USA की मुख्य भूमि से पृथक एकमात्र राज्य हे। यहाँ स्थित होनुलूलु विश्व का सर्वाधिक खूबसूरत नगर माना जाता है। हवाई द्वीप को Cross Word of Pacific चौराहा कहते हैं।
· कैलिर्फोनिया - यह भू-मध्य सागरीय जलवायु प्रदेश है। यू.एस.ए. के उत्तर से दक्षिण में मरुस्थलीय जलवायु क्षेत्र है।
o पर्वत:-
1. अप्लेशियन पर्वतमाला - उत्तरी अमेरिका के पूर्वी तट पर स्थित विश्व की दूसरी सबसे प्राचीनतम पर्वत माला है।
- इसकी सबसे ऊँची चोटी माउण्ट मिशैल है।
- यह कोयला तथा पेट्रोलियम भण्डार के लिए प्रसिद्ध है।
2. रॉकी पर्वत शृंखला - विश्व की दूसरी लम्बी पर्वत माला इसकी सबसे ऊँची चोटी माउण्ट एल्बर्ट है।
3. बुक्स पर्वत माला - अलास्का उत्तरी अमेरिका सबसे उत्तरत्तम पर्वत शृंखला है।
4. अलास्कन रेंज - इसकी सबसे ऊँची चोटी माउण्ट मैक किनले है जो उत्तरी अमेरिका की सबसे ऊँची चोटी कहलाती है।
5. मैकेन्जी कनाड़ा पर्वत शृंखला - कनाडा की सबसे लम्बी तथा सबसे ऊँची पर्वत शृंखला है।
6. सिथरा नवादा - USA में स्थित ब्लॉक पर्वत भ्रंशोत्थ पर्वत शृंखला है।
7. माउण्ट मैकिन्ले - संयुक्त राज्य अमेरिका के अलास्का प्रांत में अवस्थित यह पर्वत शिखर उत्तरी अमेरिका का सबसे ऊँचा पर्वत शिखर है।
8. माउण्ट लोगान - यह उत्तरी अमेरिका की दूसरी सबसे ऊँची चोटी है। यह पर्वत शिखर उत्तरी अमेरिका के कोस्टरेंज में कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया में अवस्थित है।
9. माउण्ट रेनियर - संयुक्त राज्य अमेरिका के वॉशिंगटन प्रांत में अवस्थित है।
10. माउण्ट ह्विटनी - संयुक्त राज्य अमेरिका के कैलिफोर्निया में अवस्थित संयुक्त राज्य अमेरिका का सबसे ऊँचा पर्वत है।
11. माउण्ट मिचेल - संयुक्त राज्य अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना प्रांत में अवस्थित है।
12. माउण्ट वॉशिगंटन - यह पर्वत संयुक्त राज्य अमेरिका के न्यूयॉर्क राज्य में अवस्थित है।
o उत्तरी अमेरिका की नदियाँ
1. मिसिसिपी नदी - कनाडा की सीमा से निकलकर यह नदी दक्षिण की ओर बहती हुई, मैक्सिको की खाड़ी में अपना जल गिराती है।
2. रियोग्रैंडे नदी - उत्तरी अमेरिका के माउण्ट एल्बर्ट से निकलने वाली यह नदी संयुक्त राज्य अमेरिका एवं मैक्सिको की सीमा बनाती है।
3. सेंटलारेंस नदी - यह नदी सुपीरियर झील के पश्चिमी भाग से सेंट लुई के नाम से निकलकर सेंट लॉरेंस की खाड़ी में गिरती है। इसी नदी पर विश्व प्रसिद्ध नियाग्रा जलप्रपात अवस्थित है।
4. टेनिसी नदी - अप्लेशियन पर्वत से निकलकर पश्चिम की ओर बढ़ती हुई मिसिसिपी की एक सहायक नदी है।
5. मैकेन्जी नदी - कनाडा के उत्तरी - पश्चिमी प्रांत में स्थित ग्रेट स्लेव झील से निकलकर व्यूफोर्ट सागर में गिरने वाली एक नदी जो मेकेन्जी पर्वत के समानान्तर प्रवाहित होती है। यह उत्तरी अमेरिका को दूसरी सबसे लम्बी नदी है। वर्ष 1789 में अलेक्जेण्डर मैकेन्जी ने इसकी खोज की थी।
6. विनिपेग नदी - कनाडा के ओनटोरियो प्रांत से बहकर विनिपेग झील में गिरने वाली एक नदी है।
7. हडसन नदी - संयुक्त राज्य अमेरिका की एक नदी जो चैम्पियन झील से निकल कर दक्षिण बहती हुई न्यूयार्क के पास अटलांटिक महासागर में गिरती है। हडसन - मोहाक घाटी में औद्योगिक संकेन्द्रण है। इसी के तट पर न्यूयॉर्क शहर बसा है।
8. मिसौरी नदी - यह मोंटेना राज्य के दक्षिणी रॉकी पर्वत से निकलकर सेंट लुई के पास मिसिसिपी नदी में मिलती है। यह नदी मिसिसिपी के साथ मिलकर विश्व का सबसे बड़ा नदी तंत्र बनाती है। कैन्सास शहर इसके तट पर तथा सेंट लुइस शहर इनके संगम पर बसा हुआ है।
9. हडसन नदी (यू.एस.ए.)
· अप्लेशियन पर्वत से निकलती है।
· इरी नहर के द्वारा इसे महान झीलों से जोड़ दिया गया है।
· न्यूयॉर्क इसी नदी के तट पर स्थित है।
10. मैकेन्जी नदी (कनाडा)
· यह नदी उत्तर की ओर बहती हुई उत्तरी धुव सागर में गिरती है।
11. मिसिसिपी नदी (यू.एस.ए.)
· पश्चिमी कॉडिलेरा से निकलकर दक्षिण की ओर बहकर अटलांटिक महासागर में मेक्सिको की खाड़ी में गिरती है।
· इसकी मुख्य सहायक नदी मिसौरी है।
· मिसिसिपी नदी का डेल्टा चिड़िया के पंजे (Bird's Foot Delta) जैसा है।
· न्यू ऑर्लियन्स इसी नदी के तट पर स्थित है।
12. कोलोरैडो (यू.एस.ए.)
· रॉकी पर्वत से निकलकर कोलोरैडो के पठार से होकर बहती हुई पश्चिम में कैलिफोर्निया की खाड़ी में गिरती है।
· मरुस्थल
· ग्रेट बेसिन - संयुक्त राज्य अमेरिका के सिरानेवादा तथा उटाह राज्यों में फैला हुआ मरुस्थलीय बेसिन। इस बेसिन में मृत घाटी तथा मोजावे का मरुस्थल सम्मिलित है। इसी प्रदेश में 1986 में ग्रेट बेसिन नेशनल पार्क स्थापित किया गया था।
· मोजावे - कैलिफोर्निया, नवादा एवं एरिजोना राज्यों में फैला, मोजावे एक ऊष्ण मरुस्थल है। इस मरुस्थल से कोलोरेडो नदी गुजरती है जिस पर विश्व की सबसे बड़ी कैनियन, पर्यटकों के आकर्षण का स्थल है। हूवर डैम कोलोरेडो नदी पर इसी मरुस्थल में बाँधा गया है।
· पेटागोनिया मरुस्थल - अर्जेन्टीना के दक्षिणी भाग में विस्तृत एक शीतोष्ण मरुस्थल है। इस मरुस्थल में फॉकलैण्ड की ठंडी जलधारा का प्रभाव पड़ता है। यह सीढ़ीनुमा मरुस्थल पर्वत पदीय मरुस्थल का उदाहरण है।
· एरिजोना मरुस्थल - संयुक्त राज्य अमेरिका के एरिजोना तथा नेवादा राज्यों में विस्तृत एक गर्म व शुष्क मरुस्थल है। विश्व के सबसे ऊँचे कैक्टस इसी मरुस्थल में पाए जाते हैं। कैलिफोर्निया की ठंडी जलधारा इसी मरुस्थल से बहती है।
· सोनोरन मरुस्थल - उत्तरी - पश्चिमी भाग में विस्तृत उत्तरी अमेरिका का सबसे बड़ा मरुस्थल है। यह एक गर्म मरुस्थल है। इसका निर्माण कैलिफोर्निया की ठण्डी जलधारा के प्रभाव से हुआ है।
· पठार
· आजार्क पठार - संयुक्त राज्य अमेरिका के अरकनसास तथा मिसौरी प्रान्तों में फैला एक अपरदित पठार जिस पर व्हाइट नदी बहती है।
· एडवर्ड्स पठार - संयुक्त राज्य अमेरिका के टेक्सास प्रान्त में पेकोज नदी के पूर्व स्थित एक पर्वत पदीय पठार है।
· कम्बरलैण्ड पठार - संयुक्त राज्य अमेरिका के टेनेसी प्रान्त में अप्लेशियन पर्वत के उत्तर-पश्चिम स्थित एक पठार जहाँ टेनेसी घाटी क्षेत्र में बिटुमिनस कोयले का प्रचुर भण्डार है।
· लोरेंशिया पठार - लेब्राडोर प्रायद्वीप में अवस्थित यह पठार कनैडियन शील्ड का भाग है यह पठार खनिज संसाधन सम्पन्न है। यहाँ लौह - अयस्क मिलता है।
· कोलोराडो पठार - रॉकी व वासाच श्रेणियों के मध्य स्थित संयुक्त राज्य अमेरिका का पठार यहीं से कोलोरेडो नदी निकलती है जिस पर विश्व प्रसिद्ध ग्रैंड कैनियन अवस्थित है।
· कोलंबिया पठार - रॉकी व कॉस्केड श्रेणियों के मध्य स्थित अन्तर पर्वतीय पठार है, यह संयुक्त राज्य अमेरिका का पठारी भाग है। कोलंबिया नदी व स्नेक नदी इसी पठार से होकर प्रवाहित होती है।
· मेक्सिको का पठार - पश्चिमी तथा पूर्वी सियरा माद्रे पर्वत श्रेणियों के मध्य मेक्सिको में अवस्थित पठार है।
· जल प्रपात
· नियाग्रा जलप्रपात - नियाग्रा नदी पर स्थित यह जलप्रपात विश्व के मेजेस्टिक जलप्रपातों में से एक है। इस प्रपात को गोट द्वीप 2 भागों मे विभाजित करता हैं। इसकी ऊँचाई लगभग 55 मीटर है।
· विक्टोरिया जलप्रपात - जाम्बिया तथा जिम्बाब्वे की सीमा पर जाम्बेजी नदी पर लिविंग स्टोन नगर के पास स्थित 108 मीटर ऊँचा एक प्रपात जिसे 'द स्मोक दैट थण्डर्स' भी कहा जाता है।
· लेक्जेण्ड्रिया जलप्रपात - कनाडा के उत्तरी - पश्चिमी प्रांत में ग्रेट स्लेव झील में गिरने वाली हे नदी पर स्थित एक जलप्रपात है।
· इण्टरनेशनल जलप्रपात - संयुक्त राज्य अमेरिका के मिनीसोटा प्रांत की उत्तरी सीमा पर कनाडा की सीमा के पास स्थित एक जलप्रपात जो रेनी नदी पर स्थित है। यह एक ग्रीष्मकालीन पर्यटक केन्द्र है।
उत्तरी अमेरिका की सबसे बड़ी 5 झीलें (क्षेत्रफलानुसार)
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संरचना |
अवस्थिति(वर्ग किमी2) |
क्षेत्रफल |
|
सुपीरियर झील |
संयुक्त राज्य अमेरिका-कनाडा |
82,103 |
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ह्यूरन झील |
संयुक्त राज्य अमेरिका-कनाडा |
59,600 |
|
मिशिगन झील |
संयुक्त राज्य अमेरिका |
57,800 |
|
ग्रेट बियर झील |
कनाडा |
31,790 |
|
ग्रेट स्लेव झील |
कनाडा |
28,570 |
उत्तरी अमेरिका के सबसे ऊंचे 5 पर्वत शिखर
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नाम |
अवस्थिति |
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माउण्ट मैकिन्ले |
अलास्का, यू.एस.ए. |
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माउण्ट लोगान |
यूकन टेरेटरी, कनाडा |
|
पिको डी ओरीजाबा |
मेक्सिको |
|
माउण्ट सेण्ट इलियास |
अलास्का-यूकन टेरीटरी |
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वोल्कन पोपोकेटापेटल |
मेक्सिको |
4. दक्षिणी अमेरिका
· स्थिति एवं विस्तार - दक्षिणी अमेरिका, मध्य अमेरिका और पश्चिमी द्वीप समूह को मिलाकर लैटिन अमेरिका कहते हैं। इसका कुल क्षेत्रफल 1,78,24,370 वर्ग किमी. हैं।
· “लैटिन” प्राचीन रोमवासियों की भाषा थी।
· जैसे अनेक भारतीय भाषाओं का विकास संस्कृत से हुआ है वैसे ही स्पेनिश, पुर्तगाली, फ्रांसीसी तथा इतालवी की जननी लैटिन भाषा है।
· इन भाषाओं को बोलने वाले लोगों को ‘लैटिन’ कहते हैं।
· 16वीं शताब्दी में पुर्तगाल और स्पेन से बड़ी संख्या में लैटिन लोग आकर इस भाग में बसे।
· इसलिए इस महाद्वीप को लैटिन अमेरिका कहा जाने लगा।
· इस महाद्वीप के उत्तर में कैरिबियन सागर, उत्तर-पूर्व में उत्तरी अटलाण्टिक महासागर, दक्षिण व दक्षिण-पूर्व में दक्षिणी अटलाण्टिक महासागर, पश्चिम में प्रशान्त महासागर हैं।
· प्रमुख ज्वालामुखी
· चिम्बारोजी - (6,267 मीटर) - इक्वेडोर में स्थित सुषुप्त ज्वालामुखी है। हम्बोल्ट द्वारा सर्वे किया गया था।
· कोटोपेक्सी - (5,895 मीटर) इक्वेडोर - सक्रिय ज्वालामुखी है।
· एकांकागुआ - 6,960 मीटर (चिली) - मृत ज्वालामुखी है। यह विश्व का सर्वोच्च ज्वालामुखी है।
· अजस - अल् सल्वाडो - अर्जेन्टीना का ज्वालामुखी (6908 मी. मृत)
· गाल पोगास इक्वेडोर - यह प्रशान्त महासागर में स्थित सक्रिय ज्वालामुखी द्वीप है। इसे विश्व की UNESCO धरोहर सूची में सम्मिलित किया गया हैं।
· Andes पर्वत का उत्तरी भाग दो कार्डिलेरा में विभाजित हैं - (A) एण्टी एंडीज माउंटेन (B) ओरिएंटल एंडीज माउंटेन
· लानोस - यह उष्ण कटिबन्धीय घास के मैदान वेनेजुएला और कोलम्बिया में स्थित हैं। यहाँ के कॉफी के बागान 'इंका' कहलाते हैं।
· कैम्पास - उष्ण कटिबन्धीय घास के मैदान ब्राजील में स्थित है। यहाँ के कॉफी के बागान 'फजेण्डा' कहलाते हैं।
· ग्रान चाको - अर्द्ध शुष्क घास के मैदान, मुख्य देश अर्जेंटीना, चिली, पैरागॉन, ब्राजील। यहाँ पर चाय के समान मीठा पेय यर्बा झाड़ियाँ मिलती हैं।
· पम्पास - अर्जेंटीना शीतोष्ण कटिबन्धीय घास के मैदान। गेहूँ उत्पादन के लिए प्रसिद्ध, यहाँ पर एक 'गुच्चो' जनजाति का निवास है। यहाँ पर पौष्टिक / प्रोटीन युक्त घास मिलती है। यहाँ के पशु बाड़े 'रेंचिग' कहलाते हैं।
· पैंटागोनिया - यह दक्षिणी गोलार्द्ध का एकमात्र शुष्क शीत मरुस्थल है जो अर्जेंटीना में स्थित है।
· मेगलन जलसंधि - यह दक्षिण अमेरिका के दक्षिण में स्थित टियरा डेल प्यूगो द्वीप को मुख्य भूमि से पृथक करती है। अटलांटिक महासागर को प्रशांत महासागर से जोड़ती है।
· अटाकामा मरुस्थल (चिली) - यह आयरन ऑक्साइड से युक्त चट्टानों से निर्मित होते हैं। मंगल ग्रह के समान संरचना होती है। यह मरुस्थल नाइट्रेट, ताँबा, व लौहा ऑक्साइड के लिए प्रसिद्ध हैं।
· यहाँ स्थित एकीक (चिली), विश्व के सबसे बड़े नाइट्रेट भण्डार हैं।
· चिकनीकामाटा (चिली) - विश्व की सबसे बड़ी ताँबे की खान हैं।
· अरेका (चिली) - यह नाइट्रेट खनिज समाप्त होने के कारण लगातार उजड़ता हुआ शहर है।
· मरुस्थल
1. अटाकामा मरुस्थल (Atacama Desert) - चिली तथा पेरू के तट पर उत्तर से दक्षिण की ओर फैला हुआ अटाकामा का मरुस्थल विश्व का सबसे शुष्क मरुस्थल हैं। इस मरुस्थल में नाइट्रेट (शोरा), आयोडीन (Iodine) तथा बोरेक्स (Borax) के भारी भंडार हैं जिनका उपयोग रासायनिक खाद बनाने के काम में होता है।
2. ईर्स्टन मरुस्थल (Eastern Desert) - नील नदी तथा लाल सागर के बीच में मिस्र में अवस्थित यह एक उष्ण मरुस्थल है। इसमें औसत वार्षिक वर्षा 20 सेमी. से कम होती हैं। इसकी मुख्य वनस्पति नागफनी है।
· पठार
1. माटो ग्रोसो (Mato Grosso) - ब्राजील के दक्षिणी - पश्चिमी भाग में बोलीविया की सीमा के पास स्थित एक पठार जहाँ से अमेजन की सहायक तापाजोस नदी उत्तर दिशा में बहती है तथा पराग्वे नदी यहीं से निकलकर दक्षिण दिशा में बहती है।
2. बोलीविया का पठार (Bolivian Plateau) - पेरू व बोलीविया के मध्य पटल विरूपणी बल से निर्मित अन्तर पर्वतीय पठार है। यह टिन उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है।
3. पैंटागोनिया पठार (Patagonia Plateau) - अर्जेंटीना स्थित शीतोष्ण मरुस्थल पठार है। फॉकलैण्ड ठण्डी धारा के प्रभाव से इसकी उत्पत्ति हुई है यहाँ भेड़पालन किया जाता है।
4. बोबोरेमा पठार (Borborema Plateau) - ब्राजील के उत्तर - पूर्व भाग में अवस्थित पठार जो ब्राजीलियन उच्च भूमि का भाग है।
· जलप्रपात
1. एंजिल्स जलप्रपात - दक्षिणी अमेरिका में वेनेजुएला में ओरीनीको की सहायक कैरोना नदी पर स्थित विश्व का सबसे ऊँचा जल प्रपात जो 979 मीटर ऊँचा है। इसकी खोज जेम्स एंजिल ने वर्ष 1935 में की थी। उन्हीं के नाम पर इस जलप्रपात का नाम एंजिल पड़ा।
2. इगुआसो जलप्रपात - यह जलप्रपात पराना नदी पर अवस्थित है। यह आयतन में विश्व का सबसे बड़ा जलप्रपात है। यह जलप्रपात ब्राजील में अवस्थित है।
3. टुगेला जलप्रपात - दक्षिण अफ्रीका के नेटाल प्रांत में स्थित टुगेला जलप्रपात विश्व का दूसरा सबसे ऊँचा जलप्रपात है। इसकी ऊँचाई 948 मीटर है।
4. पाउलो अफांसो जलप्रपात - यह जलप्रपात दक्षिण अमेरिका के पूर्वी भाग में ब्राजील में अवस्थित एक खूबसूरत जलप्रपात है।
· नदियाँ
1. ओरिनिको नदी - दक्षिणी अमेरिकी देश वेनेजुएला की एक प्रमुख नदी जो कोलम्बिया पठार के सियरा पारिमा पर्वत से निकलकर कोलम्बिया - वेनेजुएला सीमा के सहारे बहती हुई कैरिबियन सागर में गिरती है। इसकी सहायक केरोना नदी पर विश्व का सबसे ऊँचा प्रपात एंजिल जलप्रपात अवस्थित है।
2. जापुरा नदी - दक्षिणी अमेरिका में कोलम्बिया की पूर्वी श्रेणी कार्डिलरा ओरिएन्टल से निकलकर पूर्व की ओर बहती हुई ब्राजील में अमेजन से मिलने वाली अमेजन की सहायक नदी है।
3. तापाजोस नदी - दक्षिणी अमेरिका में ब्राजील के मांटोग्रासो पठार से निकलकर सान्तारेम नगर के पास अमेजन में मिलने वाली एक नदी। इसके किनारों पर रबड़ के महत्त्वपूर्ण बाग मिलते हैं।
4. नीग्रो नदी - अमेजन की वामवर्ती सहायक नदी जो कोलम्बिया से निकलकर ब्राजील के मानुष नगर के पास अमेजन से मिलती है। इसे रियो नीग्रो नदी भी कहा जाता है।
5. पराना नदी - इसे आल्टो पराना भी कहा जाता है। यह ब्राजील उच्च भूमि के दक्षिणी भाग से निकलकर ब्राजील - पराग्वे तथा पराग्वे - अर्जेन्टीना सीमा पर बहती हुई रियो डी ला प्लाटा की खाड़ी में गिरती है। इसके किनारे पराना नगर अर्जेन्टीना में स्थित है।
6. पराग्वे नदी - पराना की दक्षिणवर्ती सहायक नदी जो ब्राजील के दक्षिणी उच्च भाग मांटोग्रासो से निकलकर पराग्वे में प्रवाहित होती हुई, पराग्वे - अर्जेंटीना सीमा पर पराना नदी से मिलती है। यह कन्सेप्सन नगर तक नौगम्य है। यह ब्राजील के रबड़ उत्पादक क्षेत्र से होकर प्रवाहित होती है।
7. पुरुस नदी - दक्षिणी अमेरिका में पेरू के पूर्वी पर्वतीय भाग से निकलने वाली अमेजन नदी की दक्षिणवर्ती सहायक नदी है।
8. उरुग्वे नदी - यह नदी ब्राजील के दक्षिणी भाग से निकलकर ब्राजील - अर्जेंटीना तथा उरुग्वे - अर्जेन्टीना की सीमा पर बहती हुई रियो डी ला प्लाटा की खाड़ी में गिर जाती है। पराना, पराग्वे तथा उरुग्वे नदियों को सम्मिलित रूप से ला - प्लाटा कहा जाता हैं।
9. साओ फ्रान्सको नदी - ब्राजील की एक नदी जो बेलो होरीजोन्टे के दक्षिण ब्राजीलियन उच्च भूमि के मिनास गेरास से निकलकर उत्तर दिशा में बहती हुई पूर्व में मुड़कर दक्षिणी अटलांटिक महासागर में मसीलों के पास गिरती है।
10. अमेजन नदी - विश्व की नील नदी के पश्चात् दूसरी सबसे लम्बी नदी है। विश्व में सबसे अधिक जल प्रवाह इसी नदी के द्वारा होता है। एंडीज पर्वत से निकलकर यह नदी पेरू, कोलम्बिया, तथा ब्राजील के अधिकतर भाग में जल अपवाह करती हुई अपना जल उत्तरी अटलांटिक महासागर में गिराती है।
· पर्वत
1. एकांकागुआ - यह दक्षिणी अमेरिका में पनामा से लेकर चिली तक विस्तृत एंडीज पर्वत माला का सर्वोच्च शिखर है। जो चिली - अर्जेंटीना की सीमा पर अवस्थित है। इसकी ऊँचाई 6,959 मीटर है। यह एशिया के बाद विश्व की सबसे ऊँची चोटी है। ज्ञातव्य हो कि एंडीज पर्वत शृंखला विश्व की सबसे लम्बी पर्वत शृंखला है।
2. कोटोपैक्सी - यह पर्वत शिखर एंडीज पर्वतमाला में अवस्थित एक सक्रिय ज्वालामुखी शिखर है। जो दक्षिण अमेरिका के इक्वाडोर में अवस्थित है। यह विश्व का सबसे ऊँचा सक्रिय ज्वालामुखी शिखर है। जिसकी ऊँचाई 5896 मीटर है।
3. चिम्बेराजो - यह पर्वत शिखर दक्षिणी अमेरिका के इक्वाडोर में अवस्थित है। यह शिखर मृत ज्वालामुखी का उदाहरण है। इसकी ऊँचाई 6310 मीटर है। यह एंडीज पर्वत श्रेणी का भाग है।
· श्रेणियाँ
1. कार्डिलेरा डोमिका - चिली के उत्तरी भाग में अटाकामा मरुस्थल के पूर्व मकर रेखा पर स्थित उत्तर से दक्षिण फैली एण्डीज पर्वत की एक श्रेणी है।
2. कार्डिलेरा रियल - एण्डीज की मध्यवर्ती मुख्य श्रेणी जो बोलिविया के आल्टीप्लानो के पूर्व स्थित है। कार्डिलेरा ओरियन्टल एण्डीज पर्वत की उत्तर - दक्षिण फैली सबसे पूर्वी श्रेणी है।
3. कार्डिलेरा ऑक्सीडेन्टल - दक्षिणी अमेरिका में उत्तर - दक्षिण दिशा में फैली कार्डिलेरा की सबसे पश्चिमी श्रेणी है।
4. एण्डीज पर्वत श्रेणी - दक्षिणी अमेरिका महाद्वीप के पश्चिमी तट के समानान्तर टियरा डेलफ्यूगो से पनामा तक 7 देशों में फैली टर्शियरी युगीन पर्वत श्रेणी इसे कार्डिलेरा भी कहा जाता है। इसके पूर्व में कार्डिलेरा ओरियन्टल तथा पश्चिम में कार्डिलेरा ऑक्सीडेन्टल स्थित है। एण्डीज तथा दक्षिणी अमेरिका की सर्वोच्च चोटी एकांकागुआ 6959 मीटर ऊँची है।
5. पकराइमा पर्वत - वेनेजुएला, गयाना तथा ब्राजील की सीमा पर स्थित पर्वत जिसकी सर्वोच्च चोटी रोराइमा है।
6. ब्राजीलियन पर्वत - ब्राजील के पूर्व अटलांटिक महासागर तट के समानान्तर एक पर्वत श्रेणी जिसका सर्वोच्च बिन्दु पीको डा बन्दीरा है।
7. टूमुक - हूमुक पर्वत - दक्षिणी अमेरिका में सुरीनाम - ब्राजील तथा फ्रेंच गयाना - ब्राजील सीमा के सहारे स्थित पर्वत है।
मध्य अमेरिका के देश एवं उनकी राजधानियाँ
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देश |
राजधानी |
|
ग्वाटेमाला |
ग्वाटेमाला सिटी |
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बेलिज |
बेलमोपान |
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एल-सेल्वाडोर |
सैन-सेल्वाडोर |
|
होन्डुरास |
टेगुसी गाल्पा |
|
निकारागुआ |
मानागुआ |
|
कोस्टारिका |
सैन जोस |
|
पनामा |
पनामा सिटी |
सबसे बड़ी 5 झीलें (क्षेत्रफलानुसार)
|
नाम |
अवस्थिति |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
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माराकैबो झील |
वेनेजुएला |
13,300 |
|
टिटिकाका झील |
बोलिविया |
8,300 |
|
पोपो झील |
बोलिविया |
2,800 |
|
जनरल केरेरा/ब्यूनस |
अर्जेन्टीना-चिली |
2,240 |
|
आर्य झील |
चिली |
|
|
अर्जेन्टीना झील |
अर्जेन्टीना |
1,415 |
· टिटीकाका झील : बोलीविया के पठार पर स्थित यह झील संसार में सबसे अधिक ऊंचाई पर स्थित झील है। यह पेरू और बोलिविया की सीमा पर स्थित है।
सबसे बड़े 5 देश (क्षेत्रफलानुसार)
|
देश |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
|
ब्राजील |
85,47,404 |
|
अर्जेन्टीना |
27,80,400 |
|
पेरू |
12,80,400 |
|
कोलम्बिया |
11,41,748 |
|
बोलिविया |
10,98,581 |
मध्य अमेरिका
· उत्तर और दक्षिण अमेरिका महाद्वीपों में सबसे घना बसा हुआ देश है - बारबाडोस
· मध्य अमेरिका के देशों का उत्तर से दक्षिण का क्रम - बेलीज, ग्वाटेमाला, होण्डुरास, एल सल्वाडोर, निकारगुआ, कोस्टारिका और पनामा
· मध्य अमेरिका का वह एकमात्र देश जिसकी राजधानी की तटीय अवस्थिति है - पनामा (पनामा सिटी)
5. यूरोप
· स्थिति एवं विस्तार - क्षेत्रफल की दृष्टि से सात महाद्वीपों में इसका छठा स्थान (7.1%) है। इसका कुल क्षेत्रफल 2,30,39,279 वर्ग किमी. है।
· यूरोप ही अकेला ऐसा महाद्वीप है जो सघन आबादी होते हुए भी बहुत समृद्ध है।
· इसके उत्तर में उत्तरी ध्रुव महासागर, दक्षिण में भूमध्य सागर, पश्चिम में अटलाण्टिक महासागर, पूर्व में यूराल, काकेशस पर्वत तथा कैस्पियन सागर इसे एशिया से अलग करते हैं।
· स्कैन्डिनेविया - नार्वे (ओस्लो), स्वीडन (स्टॉकहोम), डेनमार्क (कोपेनहेगन) और आइसलैण्ड (रिक्जैविक) देशों को सम्मिलित रूप से स्कैन्डिवेनिया के नाम से पुकारा जाता है।
· बाल्टिक राज्य - एस्टोनिया (तालीन), लाटविया (रीगा) और लिथुआनिया (विलनियस) गणराज्य।
· बाल्कन राज्य - पूर्व यूगोस्लाविया (बेल्गेड), बुल्गारिया (सोफिया), रूमानिया (बुखारेस्ट), अल्बानिया (टिराना), मैसीडोनिया (स्कोपजे) और ग्रीस (एथेंस)।
घास के मैदान :-
1. स्टेपीज :- यह पूर्वी यूरोप व मध्य एशिया में स्थित है 'किन्तु अधिकतम भाग यूक्रेन में' यह गेहूँ उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है। इन्हें 'विश्व का अन्न भण्डार' कहा जाता है।
2. पुस्तेज (हंगरी):- गेहूँ उत्पादन के लिए प्रसिद्ध (House of grain)अनाज के घर।
पठार :-
1. मेसेंटा पठार:- आइबेरिया प्रायद्वीप के क्षेत्र में स्पेन का पठार पर्वतपदीय पठार है। यह ज्वालामुखी क्रिया से निर्मित लावा पठार पर्वतपदीय पठार है। यह ज्वालामुखी क्रिया से निर्मित लावा पठार है। यह लोहा पाया जाता है।
2. बोहेमिया का पठार (Bohemian Plateau):- यूरोप के मोरावियन हाइट्सस व ब्लैक फॉरेस्ट के मध्यवर्ती पठारी क्षेत्र को बोहेमिया का पठार कहते है। यहीं बोहेमिया फॉरेस्ट स्थित है। यहाँ कोयला प्रचुर मात्रा में मिलता है। एल्ब नदी यही से निकलती है।
प्रायद्वीप :-
1. आइबेरिया प्रायद्वीप:- प्राचीन कठोर चट्टानों से निर्मित यह प्रायद्वीप स्पेन व पुर्तगाल में विस्तृत है। इसी प्रायद्वीप पर मेसेंटा का पठार अवस्थित है। इसी प्रायद्वीप पर सियरामोरेना, सियरा नवेदा जैसी पहाड़ियाँ विस्तृत है। यहाँ लोहा एवं पारा बड़ी मात्रा में पाया जाता है।
2. जूटलैंड प्रायद्वीप :- यह उत्तरी सागर एवं बाल्टिक सागर के मध्य यूरोप में विस्तृत है। डेनमार्क इसी प्रायद्वीप पर बसा है। यह निम्न भूमि क्षेत्र है। यह प्रायद्वीप अपने डेयरी उद्योग के लिए विश्व प्रसिद्ध है।
3. स्कैंडिनेवियन प्रायद्वीप :- यह प्रायद्वीप नॉर्वे, स्वीडन तथा फिनलैंड में विस्तृत है। यह प्राचीन बाल्टिक शील्ड का भाग है। यह अपने फियर्ड तटों (कटे-फटे तट) के कारण प्रसिद्ध है। यहाँ का डेयरी उद्योग काफी समृद्ध है।
4. इटली का प्रायद्वीप :- इटली में अवस्थित यह प्रायद्वीप अपने उपजाऊ मैदानों हेतु प्रसिद्ध है। इटली का लोम्बार्डी का मैदान इसी प्रायद्वीप पर अवस्थित है। अपेनाइन पर्वत श्रेणी इसी प्रायद्वीप पर अवस्थित है। विश्व का सबसे छोटा देश वेटिकन सिटी इसी प्रायद्वीप पर बसा हुआ है।
5. बाल्कन प्रायद्वीप :- दक्षिण-पूर्वी यूरोप में स्थित इस प्रायद्वीप में अल्बानिया, रोमानिया, बुल्गारिया, ग्रीस व तुर्की आदि देश बसे हुए हैं। यह क्रस्ट स्थलाकृतियों का प्रदेश है। लोकतंत्र का जन्म इसी प्रायद्वीप से माना जाता है।
जलप्रपात :-
1. उटीगोर्ड जलप्रपात:- उत्तर-पश्चिमी नॉर्वे में स्थित यह प्रपात तीसरा सबसे ऊँचा जलप्रपात है। इस जलप्रपात की ऊँचाई 826 मीटर है। यह नॉर्वे के पर्वतीय भाग में अवस्थित है।
नदियाँ :-
1. एल्ब नदी:- यह नदी चेक गणराज्य के कार्कोनोज पर्वत से निकलकर जर्मनी में बहती हुई उत्तरी सागर में गिरती है। जर्मनी का हैम्बर्ग तथा ड्रेसडेन नगर इसी के किनारे स्थित है। वर्ष 1990 में एकीकरण से पहले यह नदी पूर्वी पश्चिमी जर्मनी की सीमा बनाती थी।
2. ऑर्डर नदी:- यह चेक गणराज्य के पर्वतीय भाग से निकलकर पोलैण्ड तथा जर्मनी की सीमा बनाते हुए बहती हुई नीसे नदी से मिलकर बाल्टिक सागर में गिरती है। इसका अधिकांश भाग नौगम्य है।
3. टाइबर नदी :- इटली की एक नदी जो एपेनाइंज पर्वत से निकलकर भूमध्य सागर में गिरती है। रोम इसके मुहाने पर स्थित है। वेटिकन सिटी इसके दाहिने किनारे पर स्थित है।
4. टेम्स नदी:- इसका पुराना नाम टेमेसिस है। यह नदी दक्षिणी इंग्लैण्ड में कोट्स ओल्ड पहाड़ी से निकलकर उत्तरी सागर में गिरती है। लन्दन तथा ऑक्सफोर्ड नगर इसी के किनारे स्थित है। लंदन इसके किनारे पर स्थित है। लंदन तक यह नदी नौगम्य है।
5. डेन्यूब नदी :- यह नदी जर्मनी के ब्लैक फॉरेस्ट पर्वत से निकलकर जर्मनी, ऑस्ट्रिया, चेकोस्लोवाकिया, हंगरी, यूगोस्लाविया तथा रोमानिया से बहती हुई काला सागर में गिरती है। डेन्यूब बेसिन के इन देशों को डेन्यूबिया कहा जाता है। डेन्यूब नदी वोल्गा के बाद यूरोप की दूसरी सबसे लम्बी नदी है। यह विश्व की एकमात्र नदी है जो 8 देशों से होकर बहती है तथा इस नदी पर 4 राजधानी शहर बुडापेस्ट, बुखारेस्ट, बेलग्रेड तथा विएना अवस्थित है।
6. राइन नदी:- इसका पुराना नाम रेनस है। यह नदी आल्प्स पर स्थित कान्स्टैन्स झील से निकलकर फ्रांस तथा जर्मनी की सीमा बनाते हुए बहती है तथा नीदरलैण्ड में रॉटरडम के पास उत्तरी सागर में गिरती है। इसके तट पर फ्रंकपर्ट, स्टूटगार्ट, रॉटरडम, कोलोन व हेडेलबर्ग आदि बसे है। यह यूरोप का सबसे व्यस्ततम जलमार्ग बनता है। इस नदी द्वारा औद्योगिक क्षेत्रों में अत्यधिक कोयला परिवहन करने के कारण इसे कोयला नदी भी कहा जाता हे।
7. रौन नदी:- यह नदी स्विट्जरलैण्ड के आल्प्स पर्वत से निकलकर जेनेवा झील से बहती हुई भूमध्य सागर में स्थित लॉयन्स की खाड़ी में गिरती है। इसकी मुख्य सहायक सौने नदी है। फ्रांस का लियोन शहर इसी के तट पर बसा है।
8. सीन नदी:- इसका पुराना नाम सेकाना है। उत्तरी फ्रांस की एक नदी जो बरगण्डी उच्च भूमि से निकलकर इंग्लिश चैनल में गिरती है। फ्रांस की राजधानी पेरिस इसी के किनारे स्थित है।
9. निपर नदी:- निपर नदी का उद्गम मॉस्को के निकट से होता है। जो बरगण्डी उच्च भूमि से निकलकर इंग्लिश चैनल में गिरती है। फ्रांस की राजधानी पेरिस इसी के किनारे स्थित है।
10. वोल्गा नदी:- यूरोप की सबसे लम्बी नदी जो रूस की बल्दाई पहाड़ी से निकलकर रूस में बहती हुई कैस्पियन सागर में अपना जल गिराती है। इस नदी के तट पर वोल्गोग्राड, सरातोव तथा ऐस्ट्राकैन जैसे प्रसिद्ध नगर अवस्थित है। यूरोप की सबसे लम्बी नदी है।
11. डॉन नदी:- यह पश्चिम रूस के टुला से निकलकर एजोब सागर में गिरती है। डॉन नदी को वोल्गा नदी से नहर द्वारा जोड़कर यूरोप का प्रमुख नहरतंत्र विकसित किया गया है। रूस का रोस्तोव पत्तन नगर इसी के तट पर स्थित है।
12. ड्यूरो नदी:- स्पेन के ओल्ड कैसल से निकलने वाली यह नदी उत्तर-पश्चिमी पुर्तगाल में बहती हुई अटलांटिक महासागर में गिरती है। इसकी घाटी शराब उत्पादन हेतु प्रसिद्ध है। पुर्तगाल का पोर्टोन्म पत्तन शहर इसी के मुहाने पर स्थित है।
13. माउंट ब्लांक:- यह पर्वत शिखर फ्रांस, स्विट्जरलैण्ड एवं इटली की सीमा पर स्थित आल्प्स पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 4,808 मीटर है। यह यूरोप का दूसरा सबसे ऊँचा शिखर है।
पर्वत :-
1. माउंट एल्ब्रुस:- रूस में स्थित यह पर्वत शिखर यूरोप का सबसे ऊँचा पर्वत शिखर है। यह शिखर काकेशस पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 5,642 मीटर है। इसका निर्माण टर्शियरी काल में हुआ था।
2. माउंट अरारात:- यह पर्वत शिखर तुर्की के उत्तरी पूर्वी भाग में अवस्थित तुर्की का सर्वोच्च पर्वत शिखर है। इसकी ऊँचाई 5,165 मीटर है।
3. देमाबंद:- ईरान के उत्तरी भाग में अवस्थित यह पर्वत शिखर ईरान का सर्वोच्च शिखर है। एल्ब्रुस पर्वत में अवस्थित यह पर्वत शिखर पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 5,101 मीटर है। यह एक ज्वालामुखी पर्वत है।
4. माउंट नरोडनया:- यह पर्वत शिखर यूराल पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। यह रूस में अवस्थित है। इसकी ऊँचाई 1,894 मीटर है।
श्रेणियाँ :-
1. आल्प्स पर्वत:- फ्रांस, इटली, स्विट्जरलैण्ड तथा ऑस्ट्रिया में फैली टर्शियरी युगीन पर्वत जिसकी सर्वोच्च चोटी माउंट ब्लांक 4,808 मीटर ऊँची है। यहाँ की प्रमुख झीलें जेनेवा, थून, लुसर्नी ज्यूरिख तथा जुग इत्यादि है। यहीं से डेन्यूब, राइन, रौन इत्यादि नदियाँ निकलती है।
2. जूरा पर्वत:- स्विट्जरलैण्ड तथा फ्रांस की सीमा पर दक्षिण-पश्चिम से उत्तर-पूर्व दिशा में फैली एक श्रेणी जिसकी सर्वोच्च चोटी क्रीट डी ला नीग 1,718 मीटर ऊँची है। इसका निर्माण जुरैसिक युग में हुआ।
3. पेनाइन्स पर्वत:- ग्रेट ब्रिटेन द्वीप पर उत्तर में स्कॉटलैण्ड की सीमा से दक्षिण में मध्य इंग्लैण्ड तक फैला एक प्राचीन पर्वत जिसका सर्वोच्च शिखर इस्काफेल 977 मीटर ऊँचा है।
4. पिरैनीज पर्वत:- स्पेन तथा फ्रांस की सीमा के सहारे स्थित एक पर्वत जो बिस्के की खाड़ी से लॉयन की खाड़ी तक फैला है। इसकी सर्वोच्च चोटी पोको डी अनीटो 3404 मीटर ऊँची है।
5. बाल्कन पर्वत:- यह सर्बिया तथा बुल्गारिया में फैला है। इसका निर्माण टर्शियरी युग में हुआ। जिसकी सर्वोच्च चोटी बोटर है।
6. ब्लैक फॉरेस्ट:- पश्चिमी जर्मनी के दक्षिणी-पश्चिमी भाग में स्थित है। इसका सर्वोच्च फैल्ड्स वर्ग है। यहाँ सघन वन, खनिज, स्प्रिंग तथा पर्यटक स्थल है।
7. यूराल पर्वत:- रूस स्थित एक वलनदार पर्वत श्रेणी जो एशिया एवं यूरोप की सीमा बनाता है। इसका सर्वोच्च शिखर नरोडनया (1894 मी.) ऊँचा है। इसमें लोहे का भारी निक्षेप पाया जाता है।
8. हार्ज पर्वत:- यूरोप महाद्वीप के मध्य जर्मनी अवस्थित एक पर्वत श्रेणी है।
9. कैम्ब्रियन श्रेणी:- इंग्लैण्ड के वेल्स में विस्तृत पर्वत श्रेणी जिसका सबसे ऊँचा शिखर स्नोडन है।
पूर्व यूगोस्लाविया और नए स्वतंत्र देश
· स्लोवेनिया (ल्यूबलिजाना), क्रोएशिया (जागरेव), बोस्निया-हर्जेगोविना (साराजेवो), मैसीडोनिया (स्कोपजे), मॉन्टेनीग्रो और सर्बिया
· सर्बिया और मॉन्टेनिग्रो मिलकर यूगोस्लाविया का संघीय गणराज्य कहलाते हैं। बेल्ग्रेड इसकी राजधानी है।
· यूनाइटेड किंग्डम - इसमें ग्रेट ब्रिटेन और उत्तरी आयरलैंड सम्मिलित हैं। ग्रेट ब्रिटेन, स्कॉटलैंण्ड, वेल्स और इंग्लैण्ड से मिलकर बना है।
· वेटिकन सिटी - एक छोटा स्वतंत्र राज्य है। इसका क्षेत्रफल 0.44 वर्ग कि.मी. है। यह रोम नगर के ही एक भाग में स्थित है।
· यहाँ रोमन कैथोलिक चर्च का मुख्यालय और पोप का निवास स्थान है।
सबसे बड़ी 5 झीलें (क्षेत्रफलानुसार)
|
नाम |
अवस्थिति |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
|
लेडोजेस्कोय ओजेरा |
रूस |
18,390 |
|
ओनेजेस्कोय ओजेरा |
रूस |
9,610 |
|
वेनर्न |
स्वीडन |
5,584 |
|
वेटर्न |
स्वीडन |
1,911 |
|
बालाटन |
हंगरी |
601 |
सबसे बड़े 5 देश (क्षेत्रफलानुसार)
|
देश |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
|
रूस |
1,70,75,200 |
|
यूक्रेन |
6,03,700 |
|
फ्रांस |
5,43,965 |
|
स्पेन |
5,05,990 |
|
स्वीडन |
4,49,964 |
|
नाम |
अवस्थिति |
ऊँचाई (m) |
|
माउण्ट एल्ब्रस |
जॉर्जिया |
5,642 |
|
दिख-ताउ |
रूस |
5,204 |
|
माउण्ट ब्लांक |
फ्रांस |
4,807 |
|
माउण्ट रोजा |
इटली- स्विट्जरलैण्ड |
4,634 |
|
मैटरहार्न |
स्विट्जरलैण्ड |
4,478 |
नदियाँ
· थेम्स नदी (इंग्लैण्ड) - कोट्सवोल्ड पर्वत से निकलकर उत्तरी सागर में गिरती है।
· डैन्यूब - ब्लैक फॉरेस्ट पर्वत से निकलकर पूर्व में बहती हुई काला सागर में गिरती है। विएना, बुडापेस्ट, ब्रेल्ग्रेड इस नदी के किनारे पर स्थित है।
· रोन नदी (फ्रांस) - जूरा पर्वत से निकलकर दक्षिण में बहती हुई भूमध्यसागर में गिरती है। फ्रांस का लियोन शहर इस नदी के किनारे पर बसा है।
· सीन नदी (फ्रांस) - फ्रांस के मध्यवर्ती पठारी भाग से निकलकर उत्तर-पश्चिम में बहती हुई इंग्लिश चैनल में गिरती है। पेरिस इसी नदी के किनारे स्थित है।
· राइन नदी - स्विटजरलैण्ड में आल्प्स पर्वत से निकलकर जर्मनी व नीदरलैण्ड में बहती हुई उत्तरी सागर में गिरती है। कोलोन और बॉन शहर इसी नदी के तट पर स्थित हैं। (इसे कोयला नदी भी कहते हैं।)
· एल्ब नदी - चेक गणराज्य के पर्वतीय क्षेत्र से निकलकर जर्मनी में बहती हुई उत्तरी सागर में गिरती है। जर्मनी का हैम्बर्ग नगर इसी नदी पर स्थित है।
· टाइबर नदी - इटली में अपेनाइन पर्वत से निकलकर पश्चिम में बहती हुई भूमध्य सागर में गिरती है। रोम, इसी नदी के तट पर स्थित है।
महत्वपूर्ण स्मारक
|
स्मारक |
नगर |
महत्व |
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रेड स्क्वायर |
क्रेमलिन मॉस्को |
क्रेमलिन से लगा हुआ एक खुला स्थान जो जुलूसों और प्रदर्शनों के लिये प्रयोग में लाया जाता है। |
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व्हाइट हॉल |
लन्दन |
ब्रिटिश सरकारी कार्यालयों का अधिष्ठान, इंग्लैंड की महारानी का पुराना सरकारी आवास |
|
बिग बेन |
लन्दन |
वर्ष 1859 में ब्रिटिश संसद के बुर्ज पर लगायी गयी एक विशाल घड़ी |
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ब्रैंडेनबर्ग गेट |
बर्लिन |
पश्चिमी और पूर्वी जर्मनी के बीच का मुख्य द्वार |
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बकिंघम पैलेस |
लन्दन |
वर्ष 1837 में महारानी विक्टोरिया के राज्याभिषेक के समय से ब्रिटिश राजा का महल |
|
10,डाउनिंग स्ट्रीट |
इंग्लैंड |
इंग्लैंड के प्रधानमंत्री का सरकारी निवास स्थान |
|
एलिसी पैलेस |
फ्रांस |
फ्रांस के राष्ट्रपति का सरकारी निवास स्थान |
यूरोप के महत्वपूर्ण स्थान
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स्थान |
अवस्थिति |
महत्व |
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बार्सिलोना |
स्पेन |
महत्वपूर्ण बंदरगाह और औद्योगिक केंद्र, 1992 में ओलम्पिक खेलों का आयोजन स्थल |
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बर्जेन |
नॉर्वे |
नॉर्वे का सबसे बड़ा नगर और बंदरगाह |
|
कोलोन |
जर्मनी |
औद्योगिक केंद्र |
|
डोवर |
इंग्लैंड |
डोवर जलसंधि पर स्थित बंदरगाह |
|
डनकिर्क |
फ्रांस |
बेल्जियम की सीमा के समीप इंग्लिश चैनल पर स्थित फ्रांस का एक बंदरगाह |
|
एडिनबर्ग |
स्कॉटलैंड |
महत्वपूर्ण शैक्षणिक केन्द्र |
|
एप्सॉम |
लंदन |
प्रसिद्ध घुड़दौड़ स्थल |
|
एसेन |
जर्मनी |
कोयला खनन, लौह-इस्पात उद्योग |
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जिनेवा |
|
स्विट्रलैण्ड संयुक्त राष्ट्र संघ का यूरोप स्थित मुख्यालय, लीग ऑफ नेशन्स का पूर्व अधिष्ठान |
|
जेनोआ |
इटली |
भूमध्यसागर पर स्थित बंदरगाह |
|
जिब्राल्टर |
स्पेन |
ब्रिटेन का एक प्रसिद्ध उपनिवेश |
|
ग्लासगो |
स्कॉटलैंड |
सबसे बड़ा पोत निर्माण केंद्र, बंदरगाह |
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ग्रीनविच |
लंदन |
वेधशाला, विश्व के सभी देशों के समय का निर्धारण ग्रीनविच समय के आधार पर किया जाता है। |
|
गोटेबर्ग |
स्वीडन |
गोटा नहर पर स्थित बंदरगाह जो बाल्टिक सागर से एक नहर के माध्यम से जुड़ा हुआ है |
|
द हेग |
नीदरलैंड |
संयुक्त राष्ट्र संघ के अंतर राष्ट्रीय न्यायालय का अधिष्ठान |
|
हैमबर्ग |
जर्मनी |
प्रमुख बंदरगाह |
|
इस्तांबुल |
तुर्की |
प्रमुख बंदरगाह, जो पहले ‘कॉन्स्टेन्टिनोपल’ कहलाता था |
|
सेंट पीटर्सबर्ग |
रूस |
प्रमुख बंदरगाह, रूस का दूसरा सबसे बड़ा नगर, एक औद्योगिक केंद्र, द्वितीय विश्व युद्ध में जर्मनी ने इस पर अधिकार कर लिया था, पहले ‘लेनिनग्राद’ कहलाता था। |
|
लिपजिग |
जर्मनी |
औद्योगिक नगर |
|
लिवरपूल |
यू.के |
बंदरगाह, दूध का निर्यात |
|
लंदन |
यू.के |
बंदरगाह, राजधानी नगर |
|
वेटिकन सिटी |
इटली |
पोप का निवास स्थान, विश्व का सबसे छोटा स्वतंत्र देश (0.44 किमी.2, जनसंख्या-1000) |
|
वाटरलू |
बेल्जियम |
सन 1815 में यहाँ ब्रिटेन और उसके सहयोगी देशों और फ्रांसीसी सेना के बीच वाटरलू का युद्ध हुआ था, जिसमें नेपोलियन की हार हुई थी। |
|
विंबलडन |
लंदन |
टेनिस प्रतियोगिता के लिये प्रसिद्ध |
|
ज्यूरिख |
स्विट्जरलैंड |
स्विट्जरलैंड विश्वविद्यालय स्थित है |
|
आबरदीन |
इंग्लैंड |
औद्योगिक नगर, बंदरगाह, ‘ग्रेनाइट सिटी’ के नाम से प्रसिद्ध |
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एन्टवर्प |
बेल्जियम |
बंदरगाह, हीरा तराशने का केंद्र, पोत निर्माण |
|
बाकू |
रूस |
रूस कैस्पियन सागर पर स्थित प्राकृतिक तेल केंद्र |
|
बैकानूर |
कजाखस्तान |
रूस का रॉकेट प्रक्षेपण केंद्र |
|
मिलान |
इटली |
इटली का दूसरा सबसे बड़ा नगर |
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मॉस्को |
रूस |
राजधानी, रूस का सबसे बड़ा नगर |
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म्यूनिख |
जर्मनी |
शराब निर्माण |
|
ओलम्पिया |
ग्रीस |
ओलम्पिक खेलों का जन्म स्थान |
|
पीसा |
इटली |
झुकी हुई मीनार जो विश्व के आश्चर्यों में से एक है। |
|
रोम |
इटली |
रोमन सभ्यता और संस्कृति का केंद्र, ऐतिहासिक इमारतें, राजधानी नगर |
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रॉटरडम |
नीदरलैंड |
पोत निर्माण, लौह-इस्पात उद्योग |
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स्ट्रैटफोर्ड-एपॉन-एवन |
इंग्लैंड |
विलियम शेक्सपियर की जन्म स्थली |
6. ऑस्ट्रेलिया
· स्थिति एवं विस्तार - ऑस्ट्रेलिया महाद्वीप को ‘प्यासी भूमि का महाद्वीप’ कहा जाता है।
· विश्व में ऑस्ट्रेलिया ही एकमात्र ऐसा देश है, जो पूरे महाद्वीप पर फैला है।
· इसे ‘द्वीपीय महाद्वीप’ भी कहते हैं।
· यह पूर्णतया दक्षिणी गोलार्द्ध में स्थित है। इसकी खोज अंग्रेजी नाविक कैप्टन जेम्स कुक ने 1770 ई. में की थी।
· यह महाद्वीप 10° दक्षिणी अक्षांश से 43°30' दक्षिणी अक्षांश के मध्य तथा 113° पूर्वी देशान्तर से 153° पूर्वी देशान्तर के मध्य स्थित है।
· मकर रेखा इस महाद्वीप के मध्य से गुजरती है।
· इस महाद्वीप की पूर्व से पश्चिम की ओर चौड़ाई 3,862 किमी. तथा उत्तर से दक्षिण की ओर लम्बाई 3,219 किमी. है।
· इसका क्षेत्रफल 76,92,208 (5.3%) वर्ग किमी. है, जो भारत के क्षेत्रफल का दुगुना है।
· ऑस्ट्रेलिया में
1. विक्टोरिया मरुस्थल - यह ऑस्ट्रेलिया के पश्चिम में स्थित गर्म शुष्क मरुस्थल है यहाँ की काल गुर्डी सोने की खानें प्रसिद्ध हैं।
2. पर्थ - यह एक शुष्क जलवायु नगर है।
3. सेडी और गिब्सन मरुस्थल - ऑस्ट्रेलिया के उत्तर - पश्चिम स्थित गर्म मरुस्थल।
4. मेक डोनाल्ड - ऑस्ट्रेलिया के उत्तर में स्थित अवशिष्ट पर्वत है।
5. किम्बरले पठार - ऑस्ट्रेलिया के उत्तर में स्थित है।
6. ब्रोकन हिल्स - यह प्राचीन अवशिष्ट पर्वत - सीसा, जस्ता, ताँबा, चाँदी उत्पादन के लिए प्रसिद्ध हैं।
7. ग्रेट डिवाइडिंग रेंज - इसका उत्तरी - पूर्वी भाग नवीन वलित पर्वत माला है जबकि दक्षिण पूर्वी भाग में न्यू इंग्लैण्ड रेंज के रूप में स्थित प्राचीन वलित पर्वत है।
· मरुस्थल
1. गिब्सन का मरुस्थल (Gibson Desert) - ऑस्ट्रेलिया में विक्टोरिया मरुस्थल के उत्तर में अवस्थित एक उष्ण मरुस्थल। इस मरुस्थल में वर्षा की अपेक्षा वाष्पीकरण अधिक है। प्राकृतिक वनस्पति में ऑस्ट्रेलियाई बबूल तथा काँटेदार झाड़ियाँ मुख्य है। कंगारू मुख्य जंगली पशु है, जो ऑस्ट्रेलिया का राष्ट्रीय पशु है।
2. ग्रेट विक्टोरिया मरुस्थल (Great Victoria Desert) - ऑस्ट्रेलिया के दक्षिण - पश्चिम में फैला यह एक ऊष्ण मरुस्थल है, इसके किसी - किसी भाग पर रेत और कहीं - कहीं बंजर चट्टानें हैं। इस मरुस्थल में सोना - चाँदी के भंडार है।
3. सिम्पसन मरुस्थल (Simpson Desert) - मध्य ऑस्ट्रेलिया में मकर रेखा के दोनों ओर अवस्थित ऊष्ण मरुस्थल जिसमें औसत वार्षिक वर्षा 20 सेमी. से कम है। इस मरुस्थल का नाम रॉयल ज्योग्राफिकल सोसाइटी के अध्यक्ष ए.ए. सिम्पसन के नाम पर वर्ष 1929 में रखा गया था।
4. ग्रेट सैण्डी मरुस्थल (Great Sandy Desert) - पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में मकर रेखा के उत्तर तथा किम्बरले पठार के दक्षिण में स्थित एक शुष्क मरुस्थल है।
5. स्टुअर्ट मरुस्थल (Stuart Desert) - क्वींसलैण्ड तथा दक्षिणी ऑस्ट्रेलिया के मध्य स्थित एक शुष्क मरुस्थल जो फ्ल्डिर्स पहाड़ियों के उत्तर स्थित है।
· पठार
1. बर्कली पठार (Barkly Plateau) - यह पठार ऑस्ट्रेलिया के उत्तरी प्रांत में न्यूकैसल से क्वींसलैण्ड तक विस्तृत है। यह यूरेनियम, ताँबा जैसे खनिज संसाधनों के लिए प्रसिद्ध है।
2. किम्बरले पठार (Kimberley Plateau) - यह पठार ऑस्ट्रेलिया के उत्तरी पश्चिमी भाग में विस्तृत है। यह पठार हीरा, लोहा, ताँबा व चाँदी के खनन हेतु प्रसिद्ध है। फिट्जराय नदी का प्रवाह क्षेत्र है।
· प्रायद्वीप
1. केपयार्क प्रायद्वीप - यह प्रायद्वीप ऑस्ट्रेलिया के क्वींसलैण्ड प्रांत के उत्तरी भाग में विस्तृत है। यह प्रायद्वीप बॉक्साइट उत्पादन हेतु विश्व प्रसिद्ध है। बॉक्साइट की प्रमुख वीपा की खान यहीं अवस्थित है। इसका निर्माण सागरीय निक्षेपों से हुआ है।
2. आयर प्रायद्वीप - ऑस्ट्रेलिया के दक्षिण - मध्य भाग में विक्टोरिया मरुस्थल के पूर्व विस्तृत यह प्रायद्वीप एक अत्यंत उपजाऊ भूमि है। यह खनिज संसाधन सम्पन्न हैं। यहीं पर आयर झील स्थित है।
3. माबिया प्रायद्वीप - न्यूजीलैण्ड के उत्तरी द्वीप के पूर्वी भाग में अवस्थित है। यहाँ न्यूजीलैण्ड का डेयरी उद्योग एवं भेड़ पालन होता हैं।
4. बैंक्स प्रायद्वीप - यह प्रायद्वीप न्यूजीलैण्ड के दक्षिणी द्वीप पर अवस्थित है। न्यूजीलैण्ड का प्रसिद्ध कैंटबरी का मैदान इसी प्रायद्वीप का भाग है। यहाँ पर भेड़ पालन एवं डेयरी उद्योग विकसित अवस्था में है।
· जल प्रपात
1. ब्राउनी जलप्रपात - यह जलप्रपात न्यूजीलैण्ड के दक्षिणी द्वीप में अवस्थित है।
· पर्वत
1. माउंट विल्हेम - यह पर्वत शिखर पापुआ न्यू - गिनी द्वीप पर स्थित बिस्मार्क पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 4,509 मीटर है। यह ओशेनिया का भी सबसे ऊँचा पर्वत शिखर है।
2. माउंट ईशा - ऑस्ट्रेलिया के क्वींसलैण्ड प्रांत में अवस्थित यह पर्वत खनिज संसाधन से सम्पन्न है। इस पर्वत में जस्ता, सीसा तथा चाँदी के प्रचुर भण्डार है।
3. माउंट कोशियुस्को - ऑस्ट्रेलिया न्यू साउथ वेल्स में स्थित माउंट कोशियुस्को ऑस्ट्रेलिया का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 2,229 मीटर है। यह ग्रेट डिवाडिंग रेंज का सर्वोच्च शिखर है।
4. माउंट कुक - न्यूजीलैण्ड के दक्षिणी द्वीप अवस्थित यह पर्वत शिखर दक्षिणी आल्प्स पर्वत श्रेणी का सर्वोच्च शिखर है। इसकी ऊँचाई 3,754 मीटर है। इसे माउंट औराकली भी कहा जाता है।
पर्वत
· ग्रेट डिवाइडिंग रेंज - यह ऑस्ट्रेलिया के पूर्वी तट के समानान्तर फैला हुआ है। कोशियुस्को ऑस्ट्रेलिया का सबसे ऊँचा शिखर (2,230 मीटर) है। यह पर्वत शृंखला विक्टोरिया, न्यूसाउथवेल्स और क्वींसलैण्ड राज्यों में फैली हुई है।
· डार्लिंग पर्वत शृंखला - यह पश्चिम ऑस्ट्रेलिया के दक्षिण पश्चिम भाग में फैली हुई है।
· हैमर्सले पर्वत शृंखला - पश्चिम ऑस्ट्रेलिया के उत्तरी पश्चिम भाग में स्थित है।
ऑस्ट्रेलिया में सम्मिलित राज्य/केन्द्र शासित प्रदेश एवं उनकी राजधानियाँ
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राज्य |
राजधानी |
|
पश्चिम ऑस्ट्रेलिया |
पर्थ |
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उत्तरी क्षेत्र |
डार्विन |
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दक्षिण ऑस्ट्रेलिया |
एडीलेड |
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क्वींसलैंड |
ब्रिस्बेन |
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न्यूसाउथवेल्स |
सिडनी |
|
विक्टोरिया |
मेलबर्न |
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तस्मानिया |
होबार्ट |
नदियाँ
· मर्रे-डार्लिंग- दोनों ही नदियाँ न्यू साउथ वैल्स में ग्रेड डिवाइडिंग रेंज से निकलती हैं और दक्षिण पश्चिम में बहती हुई हिंद महासागर में गिरती हैं। न्यू गिनी और ऑस्ट्रेलिया के केप यॉर्क प्रायद्वीप को टॉरस जलडमरूमध्य अलग करता है। विक्टोरिया राज्य और तस्मानिया के मध्य बास स्ट्रेट हैं।
सबसे बड़ी 3 झीलें (क्षेत्रफलानुसार)
|
नाम |
अवस्थिति |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
|
आयर झील |
द.ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रेलिया (मौसमी) |
9,300 किमी. |
|
टारेन्स झील |
द.ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रेलिया (मौसमी) |
5,800 किमी. |
|
गेर्डरन |
द.ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रेलिया (मौसमी) |
4,800 किमी. |
सबसे बड़े 5 देश (क्षेत्रफलानुसार)
|
नाम |
क्षेत्रफल (वर्ग किमी.) |
|
आस्ट्रेलिया |
76,82,300 |
|
पापुआ न्यू गिनी |
4,62,840 |
|
न्यूजीलैण्ड |
2,70,534 |
|
सोलोमन द्वीप समूह |
27,556 |
|
फिजी द्वीप समूह |
18,376 |
न्यूजीलैण्ड
· उत्तरी द्वीप और दक्षिणी द्वीप के सम्मिलित रूप को न्यूजीलैण्ड कहते हैं। यह 35° दक्षिण से 47° दक्षिणी अक्षांश के मध्य तथा 166° पूर्वी देशान्तर से 178° पूर्वी देशान्तर के मध्य स्थित है।
· उत्तरी द्वीप में ऑकलैण्ड, विलिंगटन, नेपियर हैं ।
· दक्षिणी द्वीप में क्राइस्टचर्च, डुनेडिन स्थित हैं।
· उत्तरी व दक्षिणी द्वीप को कुक जलडमरूमध्य पृथक करता है।
पर्वत
· दक्षिणी आल्प्स (Southern Alps) - यह पर्वत शृंखला दक्षिणी द्वीप के पश्चिमी तट के सहारे-सहारे ओटेगो वेस्टलैण्ड और कैण्टरबरी राज्यों में फैली हुई हैं। माउण्ट कुक (Mt. Cook) इस पर्वत शृंखला की सबसे ऊँची चोटी है जो समुद्रतल से 3,465 मीटर ऊँची है। यह वेस्टलैण्ड और कैण्टरबरी राज्य के बीच में स्थित है।
· माउण्ट एग्मोंट (Mount Egmont) - यह उत्तर द्वीप में स्थित है। समुद्र तल से इसकी ऊँचाई 2,518 मीटर है।
ओशेनिया में प्रमुख सागर, खाड़ियाँ और जलसंधियाँ
· कार्पेन्ट्रिया की खाड़ी - केप यॉर्क प्रायद्वीप और अर्नहम लैंड के बीच
· अराफुरा सागर - न्यूगिनी और ऑस्ट्रेलिया के बीच
· तस्मान सागर - ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के बीच
· ज्योग्राफर की खाड़ी - ऑस्ट्रेलिया के पश्चिमी तट पर (पर्थ)
7. अंटार्कटिका
· स्थिति एवं विस्तार - अंटार्कटिका बर्फ की मोटी परत से ढ़का महाद्वीप है जिसका विस्तार दक्षिणी धुव के इर्द-गिर्द है।
· अंटार्कटिका का अर्थ आर्कटिक का उल्टा।
· यह उत्तरी ध्रुव के ठीक विपरीत दिशा में यानी पृथ्वी के धूर दक्षिणी छोर पर स्थित है।
· अंटार्कटिक दुनिया का पाँचवाँ सबसे बड़ा महाद्वीप है जिसका क्षेत्रफल 14 करोड़ वर्ग किलोमीटर है।
· लगभग समूचा अंटार्कटिक बंजर और वीरान हैं।
· यह विश्व का सबसे ठंडा और बर्फीला क्षेत्र है।
· इसका आकार ऑस्ट्रेलिया या यूरोप के आकार से बड़ा है।
· विश्व का पाँचवाँ बड़ा महाद्वीप है। इसका 98% भाग हिम से ढ़का हुआ है। क्वीन मॉड पर्वत इसे दो भागों में विभाजित करता है। यहाँ पर चार भारतीय अनुसंधान केन्द्र स्थित है।
1. दक्षिण गंगोत्री - 1984-1987
2. मैत्री - 1987-1997
3. भारती - 2007-09
4. Indarc (India Antarctica Research Centre) - वर्ष 2012 में स्थापित - वर्तमान में यहीं कार्यरत है।
· बिसेंफ मेसिफ - 5,140 मीटर। यह अंटार्कटिका की सर्वोच्च चोटी है।
· वोस्टोक / वोस्टावा - (89°C) यह विश्व का न्यूनतम तापमान क्षेत्र है।
· विश्व सम्पूर्ण पृथ्वी के धरातलीय एवं गैर - धरातलीय स्वरूप को संयुक्त रूप से विश्व की संज्ञा प्रदान की गई है।
· सम्पूर्ण पृथ्वी के धरातलीय स्वरूप को 7 महाद्वीपों में विभक्त किया गया है जो निम्नलिखित हैं - 1. उत्तरी अमेरिका महाद्वीप, 2. दक्षिणी अमेरिका महाद्वीप, 3. अफ्रीका महाद्वीप, 4. यूरोप महाद्वीप, 5. एशिया महाद्वीप, 6. ऑस्ट्रेलिया महाद्वीप, 7. अंटार्कटिका महाद्वीप।
· इन 7 महाद्वीपों का विस्तार सम्पूर्ण पृथ्वी के 29% (29.2%) भू - भाग पर हैं। पृथ्वी का सबसे बड़ा महाद्वीप एशिया है।
· सम्पूर्ण पृथ्वी का गैर - धरातलीय स्वरूप पाँच महासागरों में विभक्त हैं, जो निम्नलिखित हैं-
1. प्रशांत महासागर, 2. अटलांटिक महासागर, 3. हिंद महासागर, 4. आर्कटिक महासागर, 5. अंटार्कटिका महासागर (दक्षिणी ध्रुव)
· महासागरों एवं सागरों का विस्तार सम्पूर्ण पृथ्वी के 71% (70.8%) भू - भाग पर हैं। पृथ्वी का सबसे बड़ा महासागर प्रशांत महासागर है।
· विश्व का क्षेत्रफल के अनुसार सबसे बड़ा देश रूस व सबसे छोटा देश वेटिकन सिटी है। जबकि जनसंख्या के अनुसार सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश चीन है। जबकि सबसे कम जनसंख्या वाला देश वेटिकन सिटी है।
महत्वपूर्ण तथ्य
महाद्वीप
|
महाद्वीप |
स्थल क्षेत्र औसत ऊँचाई |
अधिकतम ऊँचाई वाले स्थान (मीटर) |
न्यूनतम ऊँचाई वाले स्थान (मीटर) |
|
|
(प्रतिशत) |
(मीटर) |
|||
|
एशिया |
30 |
923 |
माउंट एवरेस्ट (8,848) |
मृत सागर(-392 मी.) |
|
अफ्रीका |
20 |
585 |
माउंट किलिमंजारो(5,895 मी.) |
असलझी(-151) |
|
उ.अमेरिका |
16 |
615 |
माउंट मैकिन्ले(6,194) |
मृतक घाटी(-86) |
|
द.अमेरिका |
12 |
554 |
माउंट एकांकागुआ (6,960 मी.) |
वालदेस प्रायद्वीप(-40) |
|
अंटार्कटिका |
10 |
1846 |
माउंट मैसिफ(5,140) |
बेंटले सबग्लेशियल गर्त (-2538) |
|
यूरोप |
07 |
302 |
माउंट एलब्रुस(5,642 मी.) |
कैस्पियन सागर (-28) |
|
ऑस्ट्रेलिया |
05 |
308 |
माउंट कोशियुस्को(2,230) |
आयर झील(-16) |
महाद्वीपों की प्रमुख विशेषताएँ :-
(i) पर्वत, पठार एवं मैदान
· संपूर्ण विश्व में स्थलमंडल के 26 प्रतिशत भू-भाग पर पर्वत एवं पहाड़, 33 प्रतिशत पर पठार एवं 41 प्रतिशत भू-भाग पर मैदान का विस्तार हैं।
पर्वत
· ये वैसे ऊँचे स्थल हैं, जिनका ढाल तीव्र व शिखर-क्षेत्र संकुचित होता हैं। ये सामान्यतः 1,000 मी. से अधिक ऊँचे होते हैं, उन्हे पर्वत कहते हैं।
· पर्वतों के लघु रूप जिनकी ऊँचाई 1,000 मी. से कम होती हैं, पहाड़ कहलाती हैं।
पर्वतों का वर्गीकरण
1. मोड़दार पर्वत
2. अवरोधी या ब्लॉक पर्वत
3. गुम्बदाकार पर्वत
4. संगृहीत पर्वत
5. मिश्रित पर्वत
6. अवशिष्ट पर्वत
1. मोड़दार या वलित पर्वत
· भूसन्नति की परतदार चट्टानों में पाश्विक संपीडनात्मक बल के कारण मोड़दार पर्वत का निर्माण होता है।
· यही कारण है कि मोड़दार पर्वतों में छिछले सागर में रहने वाले जीवों के अवशेष पाए जाते हैं।
· उदाहरण हिमालय, अराकान, किरघर सुलेमान, हिंदूकुश, जैग्रास, एलबुर्ज, पान्टिक, टॉरस, क्यूनलून, सिनलिंग, नानशान (एशिया),
· जकाकेशस, कापेर्थियन, बाल्कन, आल्प्स, एपीनाइन, डिनारिक आल्प्स, केंटाब्रियन, पिरेनीज (यूरोप)
· एटलस (अफ्रीका), ड्रेकेन्सबर्ग (द.अफ्रीका)
· डिवाइडिंग रेंज (ऑस्ट्रेलिया) आदि।
2. अवरोधी या ब्लॉक पर्वत
· इनका निर्माण तनाव या खिंचाव की शक्तियों द्वारा होता है। इनसे भ्रंश या दरारे बनती हैं जिससे धरातल का कुछ भाग धँस जाता है व कुछ भाग ऊपर उठ जाता है। दरारों के समीप के ऊँचे उठे भाग को ब्लॉक पर्वत कहते हैं।
· जर्मनी का ब्लॉक फॉरेस्ट, फ्रांस का वॉस्जेज, भारत का सतपुड़ा एवं नीलगिरि, अमरीका का वासाचरेंज तथा सिएरा नेवादा, पाकिस्तान का सॉल्ट रेंज आदि ब्लॉक पर्वतों के उदाहरण हैं।
3. गुम्बदाकार पर्वत
· ज्वालामुखी क्रिया तथा स्थल में उभार के कारण इनकी उत्पत्ति होती है यू.एस.ए का सिनसिनाती उभार, ब्लैक हिल्स, बिगहार्न्स इसके उदाहरण हैं।
4. संगृहीत पर्वत
· ज्वालामुखी के उद्गार से निस्सृत लावा, विखंडित पदार्थ तथा राखचूर्ण आदि के क्रमबद्ध एकत्रीकरण के फलस्वरूप इन पर्वतों का निर्माण होता हैं, अतः इन्हें ज्वालामुखी पर्वत भी कहा जाता हैं। जापान का फूजीयामा और इक्वेडोर का कोटोपैक्सी इसके प्रमुख उदाहरण हैं।
5. मिश्रित पर्वत
· जब किसी पर्वत में बनावट संबंधी अनेक जटिलताएँ पाई जाती हैं एवं सामान्यतः चट्टानों के मिश्रित रूप पाए जाते हैं, तो इस प्रकार के पर्वत का निर्माण होता हैं। यू.एस.ए. का सियरा नेवादा व एनाकोंडा श्रेणी इसके प्रमुख उदाहरण हैं।
6. अवशिष्ट पर्वत
· ये मौलिक पर्वत नहीं हैं। अपरदन की शक्तियों द्वारा जब प्रारंभिक पर्वत घर्षित हो जाते हैं तो घर्षित पर्वत या अवशिष्ट पर्वतों का निर्माण होता हैं।
· यूरोप में यूराल तथा स्कॉटलैंड की पहाड़ियाँ, इंग्लैंड का पेनाइन्स पर्वत, अमेरिका का मोनेडनॉक, भारत में अरावली, विंध्य, पूर्वी घाट एवं पश्चिमी घाट आदि अवशिष्ट पर्वतों के उदाहरण हैं।
पठार
· पठार वह उच्चभूमि है, जिसका कोई एक ढाल आस-पास के इलाकों से अधिक ऊँचा तथा खड़े ढाल वाला हो। इसका शिखर या ऊपरी भाग सपाट व चपटा होता हैं। पठार के निर्धारण में ऊँचाई से अधिक महत्त्व इसके शिखर का चपटा होना है।
· समुद्र तल से इनकी ऊँचाई 300 मी. से 1000 मी. तक होती है ये चार प्रकार के होते हैं-
1. लावा निर्मित पठार 2. अंतःपर्वतीय पठार
3. पर्वतपदीय पठार 4. महाद्वीपीय पठार
1. लावा निर्मित पठार
· अमेरिका का कोलंबिया का पठार, द. अमेरिका का पराना एवं पैंटागोनिया का पठार, आइसलैंड का लाकी पठार, साइबेरिया का पठार, मंगोलिया का पठार, इथियोपिया का पठार, ड्रेकेन्सबर्ग का पठार, ऑस्ट्रेलिया का किम्बरले का पठार, दक्कन का पठार, आयरलैंड का एन्ट्रिम पठार, न्यूजीलैंड, फ्रांस आदि में लावा निर्मित पठार के उदाहरण देखने को मिलते हैं।
2. अंतःपर्वतीय पठार
· एल्बुर्ज एवं जाग्रस के मध्य स्थित अनातोलिया का पठार (तुर्की), पौष्टिक एवं टॉरस के मध्य स्थित ईरान का पठार, एण्डीज पर्वत पर स्थित बोलीविया एवं पेरू का पठार, हिमालय कुनलुन के मध्य स्थित तिब्बत का पठार, कोलंबिया का पठार, मैक्सिको को पठार, गोबी का पठार, तारीम बेसिन, ग्रेट बेसिन आदि अंतःपर्वतीय पठार के उदाहरण हैं।
3. पर्वतपदीय पठार
· उत्तरी अमेरिका का पीडमोंट पठार, दक्षिण अमेरिका का पैंटागोनिया का पठार आदि पर्वतपदीय पठार के उदाहरण हैं।
4. महाद्वीपीय पठार
· अरब का पठार, अफ्रीका का पठार, ब्राजील का पठार, पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया का पठार, ग्रीनलैंड का पठार, अंटार्कटिका का पठार, कनाडा का लौरेशिया का पठार, साइबेरिया का पठार आदि महाद्वीपीय पठार के उदाहरण हैं।
· तिब्बत का पठार सपाट पठार है, जिसकी औसत ऊँचाई लगभग 5,000 मीटर है।
मैदान
· भूपटल पर निचले और समतल क्षेत्र मैदान कहलाते हैं।
· मैदान ऊँचे-नीचे भी हो सकते हैं।
· ऊँचाई की दृष्टि से मैदान समुद्र तल से 150 मीटर तक ऊँचे भू-भाग होते हैं।
· मैदान का ऊपरी धरातल प्रायः समतल तथा सपाट होता है और ढाल मंद होती है।
· ऊँचाई, स्थिति, आकार और धरातलीय स्वरूप के आधार पर मैदानों को कई भागों में बाँटा जा सकता हैं।
मैदानों का वर्गीकरण स्थिति के आधार पर
1. तटीय मैदान
· सागर तटों के निकट के मैदान तटीय मैदान कहलाते हैं। जैसे- फलोरिडा का मैदान और भारत का पूर्वी तटीय मैदान।
2. आन्तरिक मैदान
· महाद्वीपों के आन्तरिक भाग में पाए जाने वाले मैदान आन्तरिक मैदान कहलाते हैं। जैसे - यूरोप का मैदान।
(ii) विश्व की प्रमुख झीलें
· विश्व की अधिकांश झीलें हिमानी क्रिया द्वारा निर्मित हैं। यही कारण है कि सर्वाधिक झीले उच्च अक्षांशों एवं ऊँचे पर्वतीय क्षेत्रों में पाई जाती हैं।
· अमेरिका की सुपीरियर झील विश्व की सबसे बड़ी मीठे पानी की झील है।
· मृत सागर विश्व की सबसे नीची झील है, जो कि समुद्र की सतह से 392 मीटर नीची है।
· विश्व में सबसे अधिक ऊँचाई पर स्थित झील टिटिकाका है। यह एक क्रेटर झील है।
· कैस्पियन सागर विश्व की सबसे बड़ी झील है। यह झील समुद्र तल से -28 मीटर नीची है
· एशिया की बैकाल झील विश्व की सबसे गहरी झील (1,750 मीटर गहरी) है। इसके पश्चात टैंगानिका का स्थान है।
· बैकाल, मृतसागर, टैंगानिका, न्यासा, अल्बर्ट, एडवर्ड आदि झीलें दरार घाटी में स्थित हैं।
· भारत के मालाबार तट पर स्थित लैगून को कयाल के नाम से जाना जाता है
· केरल की वेम्बनाद, ओडिशा की चिल्का एवं आंध्र प्रदेश की पुलीकट आदि लैगून के उदाहरण हैं।
क्षेत्रफल के अनुसार विश्व की झीलें
(घटते क्रम में) संख्या
1. कैस्पियन सागर 2. सुपीरियर 3. विक्टोरिया
झीलें और उनकी अवस्थिति
|
झील |
अवस्थिति |
|
कैस्पियन सागर |
अजरबैजान, रूस, कजाखस्तान,तुर्कमेनिस्तान और ईरान |
|
सुपीरियर |
यू.एस.ए.-कनाडा |
|
ह्यूरोन |
यू.एस.ए.-कनाडा |
|
इरी |
यू.एस.ए.-कनाडा |
|
ओन्टारियो |
यू.एस.ए.-कनाडा |
|
मिशिगन |
यू.एस.ए. |
|
विक्टोरिया |
युगांडा, तंजानिया और केन्या |
|
अरल सागर |
कजाखस्तान और उज्बेकिस्तान |
|
टैंगानिका |
तंजानिया- जायरे (कांगो) |
|
बैकाल |
रूस |
|
ग्रेट बियर झील |
कनाडा |