पर्यटन

राजस्थान में पर्यटन विकास के विभिन्न प्रयास :-

पर्यटन इकाई नीति-2015

उल्लेखनीय बिन्दु :-

पर्यटन विभाग द्वारा किये गये प्रयास :-

विरासत संरक्षण योजना :-2004-05 में प्रारम्भ।

पर्यटन विभाग (राजस्थान) द्वारा आयोजित किए जाने वाले मेले एवं उत्सव

मेले एवं उत्सव

स्थान

 माह

मेले एवं उत्सव

स्थान

माह

ऊँट महोत्सव

बीकानेर

जनवरी

मरू महोत्सव

जैसलमेर

जनवरी-फरवरी

हाथी महोत्सव

जयपुर

मार्च

मेवाड़ महोत्सव

उदयपुर

अप्रैल

ग्रीष्म महोत्सव

माउण्ट आबू

मई-जुन

मारवाड़ महोत्सव

           जोधपुर

अक्टूम्बर

शेखावाटी महोत्सव

सीकर, चूरू, झुंझुनूं

फरवरी

शरद् महोत्सव

माउण्ट आबू

दिसम्बर

गणगौर मेला

जयपुर

मार्च-अप्रैल

तीज सवारी

जयपुर

जुलाई-अगस्त

पुष्कर मेला

अजमेर

नवम्बर 

बेणेश्वर मेला

डूंगरपुर

नवम्बर 

कजली तीज

बून्दी

अगस्त

चन्द्रभागा

झालावाड़

 

बृज महोत्सव

भरतपुर

फरवरी

कैलादेवी मेला

करौली

अप्रैल

डीग महोत्सव

डीग (भरतपुर)

जन्मा‌ष्टमी 

थार महोत्सव

बाड़मेर

 

मीराँ महोत्सव

चित्तौड़गढ़

अक्टूम्बर

पतंग उत्सव

जयपुर

 
मत्स्य उत्सव  अलवर        

 

राजस्थान के पर्यटन स्थल

 

1.  प्राकृतिक पर्यटन स्थल

2.  तीर्थों की दृष्टि से पर्यटन स्थल

3.  ऐतिहासिक पर्यटन स्थल

4.  स्थापत्य कला एवं शिल्प कला की दृष्टि से पर्यटन स्थल

5.  हस्तशिल्प कला की दृष्टि से महत्त्वपूर्ण पर्यटन स्थल

6.  नवीन बाँध एवं विद्युत परियोजनाएँ पर्यटन स्थलों के रूप में

7.   नवनिर्मित उद्योगों, फार्मों एवं शिक्षण संस्थानों को देखने के लिए भी पर्यटक दूरदराज से आते हैं। जैसे - भीलवाड़ा की कपड़ा मील, खेतड़ी ताँबा एवं देबारी जिंक स्मेल्टर, जयपुर बॉल बियरिंग व हॉजरी मील कारखानें आदि।

राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों को 5 प्रमुख भाग

 

1. इसमें जयपुर, अलवर, धौलपुर, सवाई माधोपुर, भरतपुर आदि जिले आते हैं।

2.इसमें पश्चिमी राजस्थान का विश्वविख्यात मरु प्रदेश आता है।

3. इसमें मेवाड़ का क्षेत्र आता है, जिसमें उदयपुर, चित्तौड़, आबू व रणकपुर शामिल हैं।

4.बूँदी और झालावाड़ का नवीन पर्यटन स्थल क्षेत्र भी सरकार द्वारा इस सूची में शामिल किया गया है।

5. राज्य का शेखावाटी प्रदेश - इसमें सीकर व झुंझुनूं के कुछ क्षेत्र शामिल हैं, जिनमें कई कलात्मक हवेलियाँ स्थित हैं।

राज्य के जिलेवार प्रमुख पर्यटक स्थल

1. अलवर

अलवर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  सरिस्का राष्ट्रीय उद्यान

(b) सिलीसेढ़

(c)  राजमहल

(d) अजायबघर

(e)  पाण्डुपोल

2.  अजमेर

अजमेर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  ख्वाजा साहिब की दरगाह

(b) मैगजीन

(c) आना सागर

(d) तारागढ़ (गढबीठली)

(e) सोनीजी की नसियाँ

(f) ढाई दिन का झौंपड़ा

(g) पुष्कर

3.  भरतपुर

भरतपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  केवलादेव पक्षी अभ्यारण्य

(b) डीग

(c)  जवाहर बुर्ज

(d) रूपवास

4.  बीकानेर

बीकानेर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  बीकानेर दुर्ग एवं महल

(b) लाल गढ़

(c)  गजनेर महल

(d) करणी माता का मंदिर

(e)  कोलायत

5.  बूँदी

बूँदी के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  बूँदी का गढ़

(b)बूँदी के अन्य दर्शनीय पर्यटन स्थल

6.  जयपुर

जयपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  हवामहल

(b) जंतर-मंतर

(c)  राजमहल (सिटी पैलेस)

(d) चंद्रमहल

(e)  रामनिवास बाग

(f)  गैटोर

(g) नाहरगढ़

(h) विद्याधर बाग

(i)  सांगानेर

(j)  आमेर महल

7.  उदयपुर

उदयपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  पिछोला झील

(b) राजमहल

(c)  जगनिवास (लैक पैलेस)

(d) जग मंदिर (लैक गार्डन पैलेस)

(e)  सहेलियों की बाड़ी

(f)  जगदीश मंदिर

(g) माेती मगरी

(h) फतेह सागर

(i)  गुलाब बाग/सज्जन निवास बाग

(j) जगत का मंदिर(राजस्थान का खजुराहो)

(k) हल्दीघाटी

(l) एकलिंग जी का मंदिर

(m) श्रीनाथ द्वारा

(n) कुम्भलगढ़

(o) रणकपुर के जैन मंदिर

8.  चित्तौड़गढ़

चित्तौड़गढ़ के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  चित्तौड़गढ़ दुर्ग

(i)  पाण्डव पोल              

(ii) भैरव पोल

(iii) हनुमान पोल             

(iv) गणेश पोल

(v)  लक्षमण पोल             

(vi) राम पोल

(vii) जोड़ला पोल

(b) विजय स्तम्भ

(c)  कीर्ति स्तम्भ

उदयपुर के अन्य प्रमुख पर्यटन स्थल है – कुम्भ श्याम का मंदिर, पदमिनी के महल, मीरा मंदिर, जौहर स्थल, गौमुख कुण्ड, भीमलथ झील

9.  कोटा

कोटा के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a)  रंगबाड़ी

(b) बारोली

(c)  अजायबघर

(d) दर्रा अभयारण्य -

कोटा के अन्य प्रमुख पर्यटन स्थल :-

(10) सिरोही –

सिरोही के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a) माउण्ट आबू

(b) दिलवाड़ा जैन मन्दिर -

(c) अचलगढ़ -

(d) नक्की झील -

(e) टॉड रॉक व नन रॉक -

सिरोही के अन्य प्रमुख पर्यटन स्थल –

(11) जैसलमेर -

जैसलमेर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a) जैसलमेर दुर्ग (सोनारगढ़) –

(b) पटवों/पटुओं की हवेली -

जैसलमेर में अन्य प्रमुख पर्यटन स्थल -

(12) जाेधपुर -

जोधपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल –

(a) मेहरानगढ़ दुर्ग -

(b) जसवंतथड़ा -

(c) उम्मेद भवन (छीतर पैलेस) -

(d)  बालसमन्द झील -

(e) मण्डोर -

(f) ओसियां -

अन्य महत्वपूर्ण तथ्य

- राज्य का पहला हैगिंग ब्रिज :- कोटा में (चम्बल नदी पर) 29 अगस्त, 2017 को उद्‌घाटन। ऊँचाई :- 60 मीटर

- देश का पहला 'स्कूल ऑफ वास्तु' :- पुष्कर में।

- जौहर मैला :- चित्तौड़गढ़ में (चैत्र कृष्णा एकादशी)।

- देश की पहली जिओ हैरिटेज साइट :- रामगढ़ क्रेटर (बारां)।

- ट्राइबल म्यूजियम :- जयपुर।

- विभूति पार्क :- उदयपुर में फतहसागर झील के किनारे।

- राजस्थान के 6 दुर्ग (चित्तौड़गढ़, कुम्भलगढ़, गागरोण, आमेर, रणथम्भौर, जैसलमेर) 2013 ई. में तथा कालबेलिया नृत्य 2010 में तथा केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान को 1985 ई. में यूनेस्को की विरासत सूची में शामिल किये जा चुके हैं।

- बाकू (अजरबैजान) में 30 जून से 10 जुलाई तक चली यूनेस्को की 43वीं बैठक में वास्तुकला की शानदार विरासत और जीवंत संस्कृति के लिए मशहूर जयपुर शहर को यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल के रूप में शामिल कर लिया है। अहमदाबाद के बाद इस तरह की पहचान पाने के साथ जयपुर देश का दूसरा शहर बन गया है। भारत में अब 38 विरासत स्थल हैं। अहमदाबाद को 2017 में शामिल किया गया था।

- टाइगर सफारी पार्क :- आमली (टोंक)।

- मीरा संग्रहालय :- उदयपुर में।

- पर्यटन मंत्रालय द्वारा "हुनर से रोजगार' कार्यक्रम वर्ष 2009-10 में प्रारम्भ किया गया।

- "पधारो सा' योजना :- जून 2011 में प्रारम्भ।

- राज्य का पहला टूरिज्म कन्वेंशन सेन्टर :- जोधपुर।

- पेइंग गेस्ट योजना :- 27 सितम्बर, 1991 को शुरू।

- राजस्थान का प्रथम हैरिटेज होटल :- अजीत भवन (जोधपुर)।

- पर्यटन विकास हेतु राजस्थान को 10 पर्यटन क्षेत्रों (सर्किट) में विभाजित किया गया हैं - ढूंढाड़ सर्किट, अलवर सर्किट, भरतपुर सर्किट, मेरवाड़ा सर्किट, शेखावटी सर्किट, मरु त्रिकोण, मेवाड़ सर्किट, रणथम्भौर सर्किट, माउंट आबू सर्किट, हाड़ौती सर्किट।

- स्वर्णिम त्रिभुज :- दिल्ली - जयपुर - आगरा।

- मरु त्रिकोण :- जैसलमेर - जोधपुर - बाड़मेर - बीकानेर। जापान की संख्या JBIC की वित्तीय सहायता से विकसित किया जा रहा है।

- राज्य की प्रथम पर्यटन नीति :- 2001 में।

- राज्य की नई पर्यटन इकाई नीति :- 3 जून, 2015

- राज्य की इको टूरिज्म नीति :- 4 फरवरी, 2010

- होटल आरक्षण नीति :- मई 2016

- राजस्थान झील (संरक्षण एवं विकास) प्राधिकरण विधेयक :- 2015

- पश्चिमी क्षेत्रीय सांस्कृतिक केन्द्र :- उदयपुर में।

- राजस्थान धरोहर संरक्षण व प्रोन्नति प्राधिकरण :- 2006 में गठन।

- राजस्थान फाउण्डेशन :- 30 मार्च, 2001 को स्थापना। अध्यक्ष - मुख्यमंत्री।

- विश्व पर्यटन दिवस :- 27 सितम्बर। विश्व विरासत दिवस :- 18 अप्रैल।

- राजस्थान में युद्ध संग्रहालय :- जैसलमेर में।

- प्रसिद्ध स्मारक सुनहरी कोठी टोंक जिले में है।

- गोविन्द गुरु राष्ट्रीय जनजाति संग्रहालय :- भानगढ़ (बाँसवाड़ा)।

- सेंटर फॉर एक्सीलेंस फॉर टूरिज्म ट्रेनिंग (CETT) :- उदयपुर।

- देश का पहला वर्ल्ड म्यूजिक फेस्टिवल :- उदयपुर। (फरवरी 2016)

- संत रैदास का पैनोरमा :- चित्तौड़गढ़

- सिलिकन वैक्स म्यूजियम :- नाहरगढ़ दुर्ग।

- पर्यटन की दृष्टि से "मिनी गोवा' राज्य के बीसलपुर बाँध के किनारे विकसित किया जाएगा।

- पन्नाधाय पैनोरमा :- कमेटी (राजसमन्द)

-  हसन खाँ मेवाती पैनोरमा :- अलवर।

- बुद्धा सर्किट :- जयपुर - झालावाड़।

- P. A. T. A. का राजस्थान में पर्यटन से सम्बन्धित है।

- भवानी नाट्यशाला :- झालावाड़। छनेरी-पनेरी देवालय :- झालावाड़।

- आध्यात्मिक सर्किट :- कामां क्षेत्र (भरतपुर) - मचकुण्ड (धौलपुर) - विराटनगर (जयपुर) - सामोद के बालाजी (जयपुर) - घाट के बालाजी (जयपुर) - बन्धे के बालाजी (जयपुर) में अवस्थित स्मारक।

- देश का तीसरा व राज्य का पहला राजीव गाँधी टूरिज्म कन्वेंशन सेंटर :- जोधपुर।

- पण्डित दीनदयाल उपाध्याय स्मारक :- धानक्या (जयपुर)।

- राजस्थान में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सिंगापुर देश ने साझेदारी की है।

- जयपुर का जन्तर-मन्तर 31 जुलाई, 2010 को यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल हुआ।

- प्रदेश के पर्यटन सम्भाग :- जोधपुर, उदयपुर, कोटा व अजमेर।

- राष्ट्रीय झील संरक्षण योजना में शामिल राजस्थान की झीलें :- 1. आना सागर, 2. नक्की झील, 3. फतेहसागर, 4. पिछोला, 5. मानसागर, 6. पुष्कर।

- 2004-05 में पर्यटन को जन उद्योग का दर्जा दिया गया है।