राजस्थान बजट 2021-22 
बजट का अर्थ आय व्यय का लेखा जोखा होता है। केन्द्र सरकार के द्वारा अनुच्छेद-112 के तहत व राज्य सरकार के द्वारा अनुच्छेद 202 के तहत प्रत्येक वर्ष बजट पेश किया जाता है।
सरकार की 1 वित्त वर्ष की आय तथा व्यय का विवरण होता है।
बजट (Budget) -     सरकार की 1 वित्त वर्ष की आय तथा व्यय का विवरण होता है।


राजस्व बजट - ऐसा बजट जिसमें सरकार की सम्पत्ति तथा देयता पर किसी प्रकार का प्रभाव नहीं पड़ता, राजस्व बजट कहलाता है।
-    राजस्व बजट से किया गया आय या व्यय 1 वर्ष के लिए प्रभावित होगा।
पूँजीगत बजट - ऐसा बजट जिसमें सरकार की सम्पत्ति तथा देयता प्रभावित होते है।, पूँजीगत बजट कहलाता है।
-    पूँजीगत बजट 1 वर्ष से ज्यादा प्रभावी होते हैं।
आय तथा व्यय :- 
1.    जब आय तथा व्यय बराबर होता है तो संतुलन की स्थिति होगी।     आय = व्यय = संतुलन
2.    जब आय, व्यय से ज्यादा होंगे तो बचत की स्थिति होगी। आय > व्यय = बचत
3.    जब आय, व्यय से कम होंगे तो घाटे की स्थिति होगी। 
    आय < व्यय = घाटा
    राजस्व घाटा     =    राजस्व व्यय - राजस्व आय
    राजकोषीय घाटा    =    कुल व्यय - उधारी को छोड़कर अन्य आय
                                          आय - व्ययक एक दृष्टि में
                                   (Budget at a glance 2021-22)

                                                                                                                             (₹ लाख  Lakh)

 

आय- व्ययक अनुमान

(B.E. 2021-22)

राजस्व प्राप्तियाँ

18433012.54

पूँजीगत प्राप्तियाँ

6650190.23

कुल प्राप्तियाँ

25083202.77

राजस्व व्यय

20808016.58

पूँजीगत व्यय

4266716.80

कुल व्यय

25074733.38

राजस्व आधिक्य (+)/घाटा (-)

= (-) 2375004.04

बजट आधिक्य राजकोषीय घाटा प्रारंभिक आधिक्य (+)/घाटा (-)

= 8469.39

राजकोषीय घाटा

= 4765277.00

प्रारंभिक आधिक्य (+)/घाटा (-)

= (-) 1929239.17

रुपया आता है
(Rupee Comes from)
राजस्थान सरकार को प्राप्त होने वाली प्राप्तियाँ क्रमानुसार है:-
i.    उधारी (26.51%)
ii.    केन्द्रीय कठों का हिस्सा (15.99%)
iii.    SGST
iv.    केन्द्रीय सहायता 
v.    ब्रिकी कर
vi.    कट भिन्न राजस्व 
रुपया जाता है
(Rupee Goes to)

राजस्थान सरकार के खर्च क्रमानुसार है:-
i.    राजस्व खर्च (71.67%)
ii.    ब्याज अदायगी (11%)
iii.    पूँजीगत व्यय (9.66%)
iv.    आंतरिक व केन्द्रीय ऋणों के भुगतान से (7.21%)
v.    ब्रिकी कर
vi.    कट भिन्न राजस्व 
योजनाओं के उद्व्यय 2021-22 के मुख्य बिन्दु
-    आय-व्ययक अनुमान 2021-22 में योजना उद्व्यय अंतर्गत 1,32,251.35 करोड़ प्रस्तावित है। योजनाओं के उद्व्ययों का मुख्य क्षेत्रवार विवरण निम्नानुसार है:-

क्षेत्र

प्रस्तावित परिव्यय

कुल से प्रतिशत

1. कृषि एवम् सम्बद्ध सेवाएँ

9818.74

7.42

2. ग्रामीण विकास

15935.19

12.05

3. विशेष क्षेत्र कार्यक्रम

65.42

0.05

4. सिंचाई एवम् बाढ़ नियंत्रण

4002.65

3.03

5. विद्युत

18943.23

14.32

6. उद्योग एवम् खनिज

1196.15

0.91

7. यातायात

7941.39

6.01

8. वैज्ञानिक सेवाएँ

17.59

0.01

9. सामाजिक एवम् सामुदायिक सेवाएँ

69026.26

52.19

10. आर्थिक सेवाएँ

1869.71

1.41

11. सामान्य सेवाएँ

3435.02

2.60

योग

132251.38

100.00

    राजस्थान सरकार द्वारा बजट 2021-22 में सर्वाधिक खर्च किए गए क्षेत्र निम्नानुसार है:-
i.    सामाजिक एवम् सामुदायिक सेवाएँ
ii.    विद्युत 
iii.    ग्रामीण विकास 
बजट वर्ष 2021-22 के प्रमुख बिंदु :-
-    वर्ष 2021-22 का राजकोषीय घाटा GDP का 3.98 प्रतिशत 
-    प्रदेश का पहला पैपरलेस बजट है। 
कोरोना प्रबंधन :-
-    विशेष कोविड पैकेज की घोषणा।
-    33 लाख असहाय परिवारों को दो हजार रुपये की सहायता।
-    इंदिरा गांधी शहरी क्रेडिट कार्ड योजना, 5 लाख जरूरतमंदों को 50 हजार रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण।
-    मुख्यमंत्री लघु उद्योग प्रोत्साहन योजना में 10 हजार नये लघु उद्यमियों को 50 करोड़ रुपये की ब्याज सब्सिडी 
-    स्टार्टअप्स को Seed Money, 5 लाख रुपये प्रति स्टार्टअप। 
-    Back to school कार्यक्रम, नि:शुल्क यूनिफॉर्म व पाठ्यपुस्तकें, 470 करोड़ रुपये खर्च।
-    सहरिया, कथौड़ी जनजाति व विशेष योग्यजन श्रमिकों को 200 दिवस का रोजगार
NOTE :- Seed Money :- ऐसी मुद्रा जो स्टार्ट अप्स को शुरू करने के लिए आवश्यक है। 
चिकित्सा एवम् स्वास्थ्य सेवाएँ :-
-    “Universal Health Coverage” प्रत्येक परिवार को 5 लाख रुपये की चिकित्सा बीमा सुविधा।
-    अजमेर में राजस्थान राज्य आयुष अनुसंधान केन्द्र।
-    प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में मॉडल CHC
-    उदयपुर व जोधपुर में Yog and Naturopathy के कॉलेज।
-    ’Diratorate of food Safety’ बनाये जाने की घोषणा।
NOTE :- AYUNHS :-  आयुर्वेद, योगा, यूनानी, प्राकृतिक चिकित्सा, होम्योपैथी, सिद्धांत। 
सड़क सुरक्षा :-
-    ’जीवन रक्षक योजना’ (JRY)
-    समर्पित सड़क सुरक्षा कोष में 100 करोड़ रुपये का प्रावधान।
-    40 CHC को चिह्नित कर Primary Troumee Centre
NOTE :- Trauma Centre :- गंभीर दुर्घटना होने पर ईलाज की सुविधा।
शिक्षा :-
-    जयपुर में महात्मा गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ गवर्नेंस एण्ड सोशियल साइंसेज (Mahatma Gandhi Institue of Governance and Social Sciences - MGIGSS)
-    मास्टर भंवरलाल राजकीय कन्या माहविद्यालय सुजानगढ़-चुरु, कैलाश त्रिवेदी राजकीय कन्या महाविद्यालय गंगापुर - भीलवाड़ा, किरण माहेश्वरी राजकीय कन्या महाविद्यालय राजसमंद।
-    गजेन्द्र सिंह शक्तावत राजकीय कन्या महाविद्यालय, भींडर - उदयपुर में खोले जाने की घोषणा।
-    जयपुर में 200 करोड़ रुपये से Rajiv Gandhi Centre of advance technology (R-CAT)
-    Guest Faculty हेतु विद्या संबल योजना।
युवा एवम् रोजगार :-
-    मुख्यमंत्री युवा संबल योजना - 2019 में बेरोजगार युवाओं को इंटर्नशिप व भत्ते को एक हजार रुपये से बढ़ाना।
-    समान पात्रता परीक्षा (Common Eligibility Test) One time verification system 
-    जोधपुर एवम् जयपुर में नये Residential Sports School 
-    डूँगरपुर में आर्चटी एकेडमी तथा जैसलमेर में हैण्डबॉल एकेडमी
Note :- मुख्यमंत्री युवा संबल योजना - 2019 के अन्तर्गत वर्तमान में प्रदत्त राशि निम्न प्रकार है :- 
i.    पुरुष बेरोजगार     - 4000 रुपये प्रतिमाह।
ii.    महिला एवम् दिव्यांग बेरोजगार     - 4500 रुपये प्रतिमाह।
कृषक एवम् पशुपालन कल्याण 
-    आगामी वर्ष से “कृषि बजट“ की शुरुआत।
-    मुख्यमंत्री कृषक साथी योजना - 3 लाख कृषकों को नि:शुल्क Bio Fertilizerd एवम् Bio Agents, तीन लाख कृषकों को ’Micro Natrients Kit’, 5 लाख कृषकों को उन्नत किस्म के बीज।
-    प्रत्येक जिले में चरणबद्ध रूप से मिनी फूड पार्क, 200 करोड़ रुपये का व्यय। 
-    नयी कृषि विद्युत वितरण कम्पनी 
    राजस्थान में 3 विद्युत वितरण कम्पनी कार्यरत :-
i.    जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड। 
ii.    जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड। 
iii.    अजमेर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड। 
-    डूँगरपुर, हिण्डौली व हनुमानगढ़ में 3 नवीन कृषि महाविद्यालयों की स्थापना। 
-    (पूर्व में 5 कृषि महाविद्यालय स्थापित - जयपुर, जोधपुर, उदयपुर, बीकानेर व कोटा)
-    ’102-मोबाइल वेटेनरी सेवा’, 48 करोड़ रुपये का व्यय।
उद्योग
-    सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्यमों के उत्थान के लिए नई नीति। 
    (वर्तमान में MSME नीति 2015 लागू’ मई MSME वर्तमान नीति - 2021 प्रभावित)
-    जयपुर में Rajasthan Investors Summit का आयोजन। 
-    Rural i-start कार्यक्रम वृहद् स्तर पर लागू।
Note :- i-start :- i-start  एक ऐसा पोर्टल है जिस पर नए स्टार्टअप्स चालू करने के लिए ऋण प्राप्त करने के लिए विनियोजाकों की सूची उपलब्ध कराई जाती है। 
सामाजिक सुरक्षा
-    Rajasthan Scheduled Caste and Scheduled tribe Development कानून।
-    मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना।
-    8 नवीन एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूल।
-    जयपुर, जोधपुर एवम् कोटा संभाग मुख्यालय पर अल्प संख्यक बालक छात्रावास।
-    SC, ST, OBC व Minority विकास कोष, प्रत्येक हेतु 100 करोड़ रुपये। 
-    25 हजार आँगनवाड़ियों को नंद घर योजना में सम्मिलित करना।
Note :- नंद घर :- उत्कृष्ट आँगनवाड़ी जो कि आधुनिक सुविधा से युक्त है। 
-    जिला मुख्यालयों पर इंदिरा महिला, शक्ति केन्द्रों की स्थापना, 15 करोड़ रुपये का व्यय।
आधारभूत संरचना
सड़क - शहरी विकास :- 
Note :- नवीन राज्य सड़क नीति - 2021 (प्रथम राज्य सड़क नीति-1994 में लागू की गयी।)
-     Constitutional Club, Jaipur बनाना प्रस्तावित 
-    जोधपुर में 60 करोड़ रुपये से आधुनिक ऑडिटोरियम एवम् कल्यर सेंटर का निर्माण। 
-    दौसा, जालोर, बाँसवाड़ा, प्रतापगढ़, सीकर एवम् बूँदी में टाउनहॉल।
पेयजल - जल संसाधन 
-    पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना (ERCP) कार्य, कुल 320 करोड़ रुपये का प्रावधान।
-    राजस्थान जल क्षेत्र आजीविका सुधार परियोजना (Rajasthan Water Sector Livelihood Improvement Project - RWSLIP) पर 465 करोड़ रुपये खर्च, 21 जिले लाभांवित।
-    रेगिस्तानी क्षेत्र हेतु राजस्थान जल क्षेत्र पुनर्सरंचना   परियोजना (Rajasthan Water Sector Restruturing Project for Desert Area - RWSRPD) के अंतर्गत लगभग 378 करोड़ रुपये के जीर्णोद्धार कार्य।
ऊर्जा 
-    ऊर्जा नीति : 2021-2050 
-    राजस्थान राज्य विद्युत प्रसारण निगम द्वारा 6.3 गीगावॉट प्रसारण क्षमता का ग्रीन कॉरिडोर।
Note :- ग्रीन कॉरिडोर :- सौर ऊर्जा और पवन ऊर्जा के माध्यम से ऊर्जा व्यवस्था उपलब्ध कराई जाती है। 
-    राजस्थान राज्य विद्युत प्रसारण निगम, जयपुर।
वन एवम् पर्यावरण
-    केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान, भरतपुर को Wetland Birds Hapitat Conservation Centre के रूप में विकसित तालछापर अभयारण्य, चुरु में वन्यजीव प्रबंधन प्रशिक्षण केन्द्र।
-    जोधपुर में ’पद्मश्री कैलाश सांखला स्मृति वन’
Note :- केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान 1985 में विश्व धरोधर की सूची में शामिल किया गया। 
    :- तालछापर अभयारण्य, चुरु = कृष्ण मृग
पर्यटन, कला एवम् संस्कृति
-    पर्यटन विकास कोष में 500 करोड़ रुपये का प्रावधान।
-    शेखावटी पर्यटन सर्किट विकसित किया जाएगा।
-    गोड़वाड़ पर्यटन सर्किट विकसित किया जाएगा।
-    पुष्कर - अजमेर में Tourist Complex 
-    फिल्म पर्यटन प्रोत्साहन नीति। 
Note :- शेखावटी पर्यटन सर्किट :- सीकर, चुरु व झुंझनूँ जिले सम्मिलित।
    गोडवाड़ पर्यटन सर्किट :- पाली, जालोर व कुछ जोधपुर व बाड़मेर का क्षेत्र
कानून व्यवस्था व सुशासन
-    प्रदेश में विभिन्न 40 नये न्यायालयों की स्थापना।
-    सिरोही जिला मुख्यालय पर मिनी सचिवालय (प्रथम मिनी सचिवालय – श्रीगंगानगर)
-    6 नई नगर पालिकाओं का गठन।
i.    कोटकासिम     -    अलवर
ii.    बोरावड़        -    नागौर 
iii.    बरजोड़        -    अलवर
iv.    गोविन्दगढ़        -    अलवर
v.    ऋषभदेव        -    उदयपुर
vi.    घाटियावाड़     -    उदयपुर में स्थापित की जाएगी।
-    1 मई, 2021 से प्रशासन गाँवों के संग तथा 2 अक्टूबर, 2021 से प्रशासन शहरों के संग अभियान।